लखनऊ में पत्रकारिता का कितना बुरा हाल है, यह किसी से छिपा नहीं है. सत्ता के कई किस्म के प्रलोभनों के आगे मीडिया मालिक से लेकर संपादक-पत्रकार तक नतमस्तक हैं. अभी हाल में ही एक नया रीजनल न्यूज चैनल ‘समाचार प्लस’ उत्तर प्रदेश में चर्चा का विषय बना. इनके मालिक कोई उमेश कुमार हैं. इन्होंने ‘मिड डे एक्टिविस्ट’ नाम से दोपहर का अखबार लांच किया. देखते ही देखते उमेश कुमार सत्ता के गलियारे के सबसे खास मीडिया वाला बन गए. अखिलेश यादव के साथ इनकी बैठक हुई और इन्होंने तस्वीरें फेसबुक पर डालीं.

अखिलेश यादव सरकार के सबसे बड़े लायजनर आईएएस अधिकारी नवनीत सहगल से उमेश कुमार की नजदीकी बनी. पिछले दिनों उमेश कुमार के अखबार मिडडे एक्टिविस्ट और न्यूज चैनल समाचार प्लस की तरफ से लखनऊ में बड़े मंगल पर भंडारा आयोजित किया गया. इसमें प्रमुख सचिव सूचना नवनीत सहगल शामिल हुए और प्रसाद वितरण का कार्य किया.
इसे कहते हैं बड़े पापियों द्वारा छोटे मोटे पुण्य कार्य कर प्रायश्चित करना. अगर वाकई पुण्य का काम करना है तो उमेश कुमार को चाहिए कि वह सत्ता के दोगले चरित्र, गड़बड़ियों, जनविरोधी नीतियों का अपने मीडिया माध्यमों से पर्दाफाश करें और नवनीत सहगल को चाहिए कि वह बतौर आईएएस जनहित को ध्यान में रखते हुए सत्ता के अवैध कुकृत्यों को आगे बढ़ाने से इनकार कर दें. पर जहां सत्ता लाभ, पावर में घुसपैठ, पैसा प्राप्ति, प्रशासनिक संरक्षण, शीर्षस्थ पद आदि के लाभ प्रलोभन मौजूद हों वहां कोई कैसे अपने जमीर की सुने, कोई कैसे अपने प्रोफेशन की गरिमा को बचाए रखे. ये सब क्यों लिख रहा हूं, नहीं पता. यह भी नहीं पता कि यह सब कुछ भड़ास पर छपेगा या नहीं. लेकिन अपना फर्ज है लिखकर मेल करना. अब आप के उपर है कि आप इसे छापें या न छापें.
लखनऊ से एक मीडियाकर्मी द्वारा भेजे गए पत्र पर आधारित.
4 Comments
Leave a Reply
Cancel reply
Leave a Reply
भड़ास लीगल टीम : Bhadas Legal Team
भड़ास मेल: [email protected]
Latest 100 भड़ास
- दिल्ली पीजी कांड : अमर उजाला और दैनिक भास्कर की कवरेज पढ़िए!
- ताजा ‘हिंदू ह्रदय सम्राट’ बना स्वतन्त्र भारद्वाज 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया!
- सत्य निकेतन और अमित शाह के कार्यक्रम पर ANI ने ऐसा क्या ट्वीट किया, जो उसे एडिट करना पड़ा?
- कानूनी लपेटे में सुधीर चौधरी और DD न्यूज़, दिल्ली हाईकोर्ट ने जारी किया नोटिस!
- ज़ी UP/UK से भारत24 पहुंचीं एंकर दीपाली शुक्ला!
- डॉक्टर टीके लाहिड़ी मामले में आरोपी डॉक्टर का बयान आया सामने, कहा- ‘सफाई के लिए बलपूर्वक रोका था!’
- आज के अखबार : बेसमेंट खोदा तो ढह गई 36 साल पुरानी इमारत, भास्कर का शीर्षक बहुत कुछ कहता है
- अंतर्राष्ट्रीय न्यूज़ एजेंसी रायटर्स में अत्रेई चटर्जी को मिला प्रमोशन
- अब टीवी पर डायरेक्ट देखना आसान होगा YouTube, पढ़िए नया अपडेट
- ‘पत्रकारिता का प्रश्नकाल’ के साथ MCU के पूर्व कुलपति अच्युतानंद मिश्र से वरिष्ठ पत्रकार राकेश प्रवीर की भेंट!
- भारत में मॉब लिंचिंग की विस्तृत ज़मीनी पड़ताल करती है वरिष्ठ पत्रकार दयाशंकर मिश्रा की किताब ‘अख़लाक़’
- धरती के 1.5 KM नीचे मिला रहस्यमयी कण, क्या ये ‘डार्क मैटर’ का पहला संकेत है?
- वरिष्ठ पत्रकार गरिमा सिंह डिजिटल प्लेटफार्म्स पर लगातार नया धमाका कर रही हैं!
- डॉक्टर टी के लाहिड़ी मारपीट प्रकरण: मुख्यमंत्री ने लिया संज्ञान, राज्यमंत्री रविंद्र जायसवाल बीएचयू पहुंचे, जांच कमेटी गठित!
- 92 साल के रस्किन बॉन्ड से मिलने लखनऊ की बच्ची पहुंची देहरादून, स्पाइन सर्जरी के बाद भी बाल साहित्य की नई पीढ़ी को दिया प्यार!
- सुनील शेट्टी की इस फ़ोटो के पीछे की जो कहानी है, उसे सुनने के बाद ‘अमर उजाला’ के कानपुर, मेरठ और बरेली केंद्र में हल्ला हो गया था!
- गांजे का जलवा अमेरिका तक; दुनिया की नंबर एक खिलाड़ी को अपना मैच रोकना पड़ा, देखें वीडियो
- कानपुर में पत्रकार समेत कई के खिलाफ रंगदारी मांगने और मकान कब्जाने की FIR
- पॉलिटिक्स कितनी रुथलैस होती है, मोदीजी का इस्तीफा मांग रही स्मृति ईरानी की इस खबर से समझिए!
- कानपुर में पत्रकार के भतीजे पर जानलेवा हमला, पुलिस पर FIR दर्ज न करने का आरोप!
- भाजपा सांसद नवीन जैन के भाइयों की कंपनी PNC का एक और धमाका: 4300 करोड़ रुपये का रामवन गमन मार्ग उद्घाटन से पहले ही धंसा!
- मोदी के साथ विदेश दौरे पर गए एक टीवी संपादक की पीएम को नजदीक से प्रणाम न कर पाने की अपार पीड़ा!
- सहिया फ़िल्म बनाने में सहयोग करने वाले झारखंड के मंत्री सुदिव्य का निधन, संजय शर्मा ने यूँ किया याद!
- आज के अखबार : SRCC के बच्चों के बीच प्रधान मंत्री के भाषण की खबरें उनकी दिमागी स्थिति बयान कर रही हैं
- दैनिक भास्कर डिजिटल से अलग हुए पत्रकार अवनीश मिश्रा!
- पद्मश्री से सम्मानित बुजुर्ग डॉक्टर टीके लाहिड़ी को पीटने का आरोप!
- इंडियन एक्सप्रेस की पडताल में बड़ा दावा: तिहाड़ मंडोली और रोहिणी जेलों में बंद 25 अपराधी जंतर-मंतर प्रोटेस्ट में दिखे!
- मेरी पत्रकारिता यात्रा (14): भास्कर अकादमी में प्रशिक्षण लेने वाले 16 में से 13 साथी आज भी पत्रकारिता और लेखन में सक्रिय हैं, सिर्फ तीन ने अलग कारणों से पत्रकारिता छोड़ दी!
- जयंती समारोह में वरिष्ठ हिंदी-सेवी पत्रकार कुमार कृष्णन को ‘बेचन’ स्मृति-सम्मान!
- ग्वालियर प्रेस क्लब के पत्रकारों ने मोहन सरकार के सामने रखीं चार बड़ी डिमांड!
- डेढ़ दशक पहले न्यूज़ चैनलों के ज्यादातर संपादकों ने जिन अयोग्य लोगों को बढ़ाया वो सब आज टीवी के बड़े चेहरे हैं, और बढ़ाने वाले यूट्यूब पर अपनी भड़ास निकाल रहे हैं!
- पीएम मोदी के कूटनीतिक दबदबे पर ‘द JC शो’ में डॉ. जगदीश चंद्र का खास विश्लेषण
- कांग्रेस वाले मानसिक बीमार गुंडे स्वतंत्र भारद्वाज का विरोध किस आधार पर कर रहे हैं, कभी उनके भी अपने गुंडे हुआ करते थे, जानिये विमान अपहरण कांड से कांग्रेसी कनेक्शन!
- टाइम्स ग्रुप की मीडिया सॉल्यूशन यूनिट (OMS) में 40 से ज्यादा कर्मचारियों पर गिरी गाज!
- रेख़्ता फाउंडेशन में दिनेश जी: बधाई बनती है, क्योंकि सही जगह पर सही व्यक्ति के होने से लोकतंत्र मजबूत होता है!
- टीम गुजरात ने डॉ दिनेश शर्मा को एलजी बनाकर यूपी के एक और सौम्य राजनीतिज्ञ को सक्रिय राजनीति से जबरन रिटायर कर दिया!
- बीबीसी हिन्दी से प्रवीण कुमार और दीपक कुमार का इस्तीफ़ा, पढ़ें प्रवीण का आख़िरी पत्र
- जी ग्रुप के फाउंडर सुभाष चंद्रा सहित चार के खिलाफ करोड़ों की धोखाधड़ी के मामले में FIR दर्ज
- आज के अखबार : सरकार संरक्षित गुंडे की गिरफ्तारी बताती है, कौन कितना स्वतंत्र और कैसा पक्षपाती
- राजनाथ सिंह के पैतृक घर की सुरक्षा की पोल खोलती राजीव रंजन की ये रिपोर्ट सबको देखनी चाहिए!
- शेल कंपनियों की तरह अब शेल पार्टियां बन रही हैं, लेकिन इस फर्जीतंत्र का जनक और निर्माता कौन है?
- पहले ‘हनुमान अंश’ और अब ‘मिर्ज़ापुर’! दोनों ने दिखाया कि निर्माता के कलेजे में गूदा हो तो बड़े परदे पर सिनेमा बहुत कुछ नया दिखा सकता है
- मेरी पत्रकारिता यात्रा (13): दैनिक भास्कर, भोपाल में मुख्य समस्या दो पीढ़ियों के सोच और कार्यशैली में अंतर की थी!
- दूरदर्शन में नौकरी का मौका, एंकर समेत इन 4 पदों पर वैकेंसी; 9 सितंबर लास्ट डेट
- रिपब्लिक बांग्ला से सोनिया भट्टाचार्य और पीटीआई से नादिया खान की नई शुरूआत
- इंडियन एक्सप्रेस हिंदी में वीडियो टीम के लिए वैकेंसी!
- भास्कर के खुफिया कैमरे ने रिश्वत लेते सपा और भाजपा के इन दो विधायकों को पकड़ा!
- रामभक्त गोपाल और कपिल गुर्जर का अपडेट वर्जन है स्वतंत्र भारद्वाज!
- आजतक से विदा लेकर नए सफर की तरफ बढ़े पत्रकार नृपेंद्र सिंह
- न्यूज़ चैनल्स की दोगलई और BJP की चाटुकारिता के कारण लोगों ने इन्हें देखना ही बंद कर दिया!
- टाइम्स नाउ और दूरदर्शन को इन दो पत्रकारों ने दिखाया आइना
- सैकड़ों करोड़ का डोनेशन डकारने वाली गुजरात की इन पॉलिटिकल पार्टियों का नाम सुना है?
- लल्लनटॉप का पत्रकारिता मॉडल: शाहीन चाहिए, कहानी चाहिए, व्यू चाहिए…बस 4PM का नाम नहीं चाहिए!
- जब प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया में पत्रकार ही नहीं हैं, तो उसकी प्रासंगिकता क्या है?
- सवाल पूछने पर महिला पत्रकारों को हिरासत! लोकतंत्र में पुलिसिया दबंगई बर्दाश्त नहीं : डॉ राजेश त्रिवेदी
- प्रभात खबर देवघर संस्करण के स्थापना दिवस पर उपलब्धियों और सेवा-भावना का सम्मान!
- आज के अखबार : TOI में आकृति चौधरी की खबर का फॉलो-अप विशेष है; खबरें बता रही हैं सरकार घिर गई
- 4पीएम की महिला पत्रकारों के साथ कल दिल्ली में जो हुआ, वो खबर नहीं, लोकतंत्र के माथे पर काला धब्बा है!
- वायरल वीडियो में खुद को सुपरमैन बताने वाले गुंडे स्वतंत्र भारद्वाज की गिरफ्तारी के लिए प्रदर्शन शुरू!
- स्वतंत्र भारद्वाज नामक युवक के खुलासे के बाद यह बात साफ हो गई कि जंतर-मंतर प्रोटेस्ट में BJP द्वारा गुंडे भेजे गए थे!
- भारत में बिना पैसे के काम करने वाले कर्मचारियों का अनुपात सबसे ज़्यादा है, खासकर मीडिया में!
- राहुल गाँधी में 101 कमियां हैं लेकिन वो मेरे लिए परम आदरणीय हैं!
- टाइम्स ग्रुप से विदाई लेकर सुंदर चंद ठाकुर की इस फील्ड से तीसरी पारी शुरू
- 4पीएम की महिला पत्रकारों के समर्थन में पूरे देश से उठी आवाजें, देर रात तक दिल्ली के साकेत थाने में जमकर हुआ विरोध, देखें पत्र और वीडियो
- दैनिक भास्कर भोपाल में वैकेंसी, क्यूआर स्कैन कर अप्लाई करें
- विशाल तिवारी, अंजलि शर्मा और सिमरन राजपाल के बारे में सूचनाएं!
- सुधीर और पवन अग्रवाल 5 साल के लिए फिर निदेशक नियुक्त!
- रेडियो सिटी में राहुल गुप्ता फिर निदेशक बने!
- केबल और ब्रॉडबैंड सेवा देने वाली कंपनी DEN Network में हुए ये बदलाव, अनुज जैन डायरेक्टर बने!
- पत्रकारिता का भविष्य अब ‘सोलो जर्नलिज्म’ का है!
- आजतक से निकलकर न्यूज़24 से जुड़े वरिष्ठ पत्रकार अशोक सिंघल!
- 4पीएम की दो महिला पत्रकारों से दिल्ली पुलिस की मारपीट को लेकर पत्रकार संगठनों ने की कार्रवाई की मांग, पूरे देश ने जताया विरोध!
- सीएम रेखा गुप्ता से सवाल पूछने पर 4पीएम की महिला रिपोर्टरों को दिल्ली पुलिस ने लाठी से पीटा, देखें वीडियो
- राम मंदिर ट्रस्ट के नए सीईओ जितेंद्र मिश्रा ने की पत्रकारों को अर्दब में लेने की कोशिश, वीडियो देखें
- आज के अखबार : मनन कुमार मिश्र की ‘खबर’ और हर्जाने की सूचना से नोएडा के डीएम का परिचय गायब!
- प्रधानमंत्री से लेकर कपिल मिश्रा तक को अपना बड़ा भाई बता रहे इस युवा गुंडे को सुनिए!
- ‘गेरुआ गुंडागर्दी’ पर FIR, आनंदबाजार पत्रिका (ABP) के पत्रकारों को हाईकोर्ट से राहत!
- अमृत विचार कानपुर के संपादकीय कर्मचारी तो आपस में ही मारपीट कर रहे हैं!
- ऐसा लगता है मंदिर के बाद ऑपरेशन सिंदूर के सवालों पर पर्दा टांगा जा रहा है और पर्दे के पीछे से डकैती के सवाल मिटाए जा रहे हैं- रवीश कुमार
- संस्कृत में शब्दों की निर्मिति का विज्ञान अकसर चमत्कृत करने वाला होता है!
- बिहार के गया में शराब पीकर पकड़ा गया PTI का रिपोर्टर, जुर्माना भरकर छूटा, देखें डॉक्यूमेंट
- प्रेम सेन NewsX से जुड़े, ETV Bharat में विजय भास्कर का प्रमोशन!
- रिपब्लिक TV और न्यूज़ एजेंसी एएनआई में विभिन्न पदों पर वैकेंसी
- iNEXT ने राम मंदिर ट्रस्ट के सदस्य मदनमोहन की जगह महामना मालवीय जी की फोटो छाप दी!
- ग़ाज़ीपुर को क़िस्मत से बहुत बढ़िया डीएम मिला है!
- मुख्यमंत्री के सलाहकार नियुक्त हुए साईं मनोहर को दैनिक भास्कर ने आईएएस बना दिया!
- डीयू छात्रा आकृति चौधरी पर लगा NSA रद्द, डीएम मेधा रूपम की सैलरी से वसूला जाएगा पाँच लाख रुपये मुआवजा!
- फरहान ने Reuters छोड़ा, दैनिक जागरण से ऐश्वर्या और AP से आकृति की नई पारी!
- गाज़ीपुर में गपशप!
- अमित शाह के खिलाफ ट्वीट करने पर पूर्व केंद्रीय अधिकारी आशीष जोशी को पार्क में टहलते हुए दिल्ली पुलिस टांग ले गई!
- प्रेस रजिस्ट्रार (PRGI) का बड़ा एक्शन, रद्द हो सकते हैं ये 8,564 अखबार और पत्रिकाएं; प्रकाशकों को 30 दिन की मोहलत, देखें लिस्ट
- ग़ाज़ीपुर के घाघ नेताओं से घिरे विजय मिश्रा का पूरा पाँच साल इस खतरनाक सियासी नेक्सस से लड़ते बीता!
- इशिता सिंह की इंडियन एक्सप्रेस और एनडीटीवी से प्रियंका शाह की नई पारी!
- दैनिक हिंदुस्तान से इस पद पर दैनिक जागरण पहुंचे प्रवीण राय!
- मीडिया में छंटनी का नया दौर फिर शुरू हो गया, और शुरूआत की है टाइम्स ग्रुप ने!
- अंबेडकरनगर के वरिष्ठ पत्रकार और स्वतंत्र भारत के ब्यूरो चीफ डॉ भूपेंद्र सिंह गर्गवंशी नहीं रहे!
- इस्तीफों वाली खबर पर भारतीय पत्रकार संघ अमेठी ने ‘भड़ास’ को भेजा अपना पक्ष!
- कानपुर नगर निगम का भ्रष्टाचार और मेयर अम्मा दोनों चर्चा में हैं!
- टाइम्स इंटरनेट के बाद अब रेख़्ता फाउंडेशन में दिनेश श्रीनेत की नई पारी, बने ग्रुप एडिटर-लैंग्वेजेज
- भगवंत मान को थप्पड़ मारने वाला वीडियो बीजेपी आईटी सेल ने डिलीट किया!



joshi ck
May 28, 2015 at 3:04 pm
उत्तराखंड में कुछ बहारी तत्वों ने आकर इस राज्य का बंटाधार करने में कोई कोर-कसर नहीं छोड़ी है। इन्हीं में एक नाम इन दिनों उत्तराखंड पत्रकारिता के क्षेत्र में लिया जा रहा है। जिस नाम का वास्तव में उत्तराखंड के सीधा कोई संबंध तो नहीं हैं,लेकिन पत्रकारिता के नाम जिस तरह से यह नाम उत्तराखंड में,कहें तो दलाली कर रहा है। वह भी उन लोगों के साथ खड़े होकर जो खुद को इस राज्य का सबसे बड़ा हितैषी कहते नहीं थकते है। लेकिन एक बार इनकी वास्तविकता को गौर से देखने की कोशिश करें तो…शर्म आती हैं कि आखिर इनका उद्देश्य हैं क्या। इस लीक में अगर कुछ राजनैतिज्ञ और खुद को पत्रकार कहने वाले उमेश शर्मा की जुगबंदी की बात करें तो,यह किसी से छुपा नहीं है। क्योंकि कुछ राजनैतिज्ञ इस तथाकथित पत्रकार उमेश शर्मा को अपने पलू से बांधे-बांधे फिर रहे है। उससे साफ जाहिर हो जाता हैं कि कुछ राजनैतिज्ञों के लिए स्व हित से बढ कर कुछ नही है, इसलिए वह उत्तराखण्ड की पत्रकारिता जगत में एक कुख्यात को शह दे रहे हैं।
दरअसल राज्य गठन के साथ ही देहरादून में आकर पत्रकार बनते हुए एक न्यूज़ ऐंजेंसी बनाकर अपनी पत्रकारिता की यात्रा शुरु करने वाले उमेश शर्मा ने शुरु से ही नौकरशाहों एवं माननीय नेतागणों से करीबी संपर्क स्थापित किया और एक कमरें में रहने वाले इस तथाकथित पत्रकार ने मात्र कुछ ही दिनों में बिना किसी कारोबार के मात्र पत्रकारिता के आधार पर देहरादून मे अकूत सम्पदा अर्जित कर ली,और अगर वर्तमान समय की बात करें तो इस व्यक्ति के पास देहरादून स्थिति मंदाकिनी बिहार सहस्त्रधारा रोड़ में 1.5 बीधा भूमि पर बना आलीशान भवन साथ ही देहरादून के पाश कालोनियों,शापिंग काम्प्लेक्स,दुकानों स्थित ओल्ड सर्वे रोड़,राजपुर रोड़,प्रिंस चौक,आदि का बना हुआ है। तथा आलीशान वाहन जैसे मर्सीडीज,सफारी,होण्डा,जिप्सी आठ-दस की संख्या में इनके आलीशान भवन की शोभा बड़ा रहे है। खुद को उत्तराखंड निवासी बताने वाले यह तथाकथित पत्रकार की वास्तविकता जानबूझकर सब नजरअंदाज किये रहे। इसने पत्रकारिता के नाम पर उगाही शुरू की वहीं कई अधिकारियों को येन-केन प्रकारेण ब्लेकमेल करना शुरू कर दिया, वहीं दलाली,गरीब लोगों की जमीन-मकान हड़पने के कई मामलों में शामिल रहा। यह तत्कालीन सीएम को अपना रिश्तेदार बताने लगा, तत्कालीन सूचना मंत्री व तत्कालीन राजस्व मंत्री का सबसे बडा चहेता बन बैठा, बस इसके बाद तो इसको लगने लगा कि मैं उत्तराखण्ड का बेताज बादशाह बन गया हूं, इसके अनेक कार्य पत्रकारिता जगत के लिए बहुत ही शर्मसार कर देने वाली घटना रही है।
इस तथाकथित पत्रकार उमेश शर्मा के बारे में पुलिस-प्रशासन द्वारा दी गयी जानकारी के अनुसार इस पर उत्तराखंड में कई धाराओं में मुकदमें दर्ज हैं,और आए दिन भागे-भागे फिर रहे है।
सन् 2003 में उमेश शर्मा ने राजपुर रोड़ स्थित काफी डे के पीछे संत सूद का मकान किराये पर लिया और किराया न देने पर उसके साथ मारपीट व गाली-गलौच की,इस संबंध में थाना डालनवाला में एन.सी.आर.सं-75ए/04 बनाम उमेश धारा 323,504 भा.द.सा.उक्त अपराध में पुलिस द्वारा की गयी कार्यवाही पंजीकृत हुआ है। इसी प्रकार शीला कोटनाला पत्नी सतीश कोटनाला निवासी 14 अकेता कॉलोनी राजपुर रोड़,जो की हांगकांग की एन.आर.आई है। इनके द्वारा उनकी संपति 85 राजपुर रोड़ देहरादून की दुकान अपनी साथी कृष्ण कुमार के साथ हड़पने के उद्देश्य से दुकान के पेपर,एग्रीमेंट गाड़ी के कागज व 15,000/- रुपये लूटने के संबंधन में थाना डालनवाला में मु.अ.सं.248/05धारा 312 भा.द.स.बनाम उमेश कुमार व कृष्ण कुमार अपराध में पुलिस द्वारा की गयी कार्यवाही हुई है। इसी के साथ भूमियों पर अवैध कब्जा करने के संबंध में नदी रिस्पना निवासी रामनिवास ने अपने किराये की मांग करने पर उमेश शर्मा व उसके ससुर द्वारा उसके साथ की गयी मारपीट के संबंध में थाना डालनवाला में भी अपराध पंजीकृत करवाया है।
ज़मीन पर अवैध कब्जा करने के बड़ते दुस्साहस के क्रम में उमेश शर्मा द्वारा मदाकिनी बिहार सहस्रधारा रोड़ करनपुर खास स्थित खसरा न.121/1 में एक दक्ष खुल्बे पुत्र कैप्टन दिवेश चंद्र खुल्बे निवासी ए-57/3साकेत,नयी दिल्ली द्वारा थाना रायपुर में उमेश शर्मा व उसके सात अन्य साथियों के विरुद्ध मु.अ.सं.71/07बनाम उमेश शर्मा व अन्य धारा 323,504,506भा.दं.सं थाना रायपुर में पंजीकृत है। उक्त अपराध में पुलिस द्वारा दिनांक 16-10-07 को आरोप पत्र सं.85/07 न्यायालय को प्रषित किया गया। इसी के साथ अवैध भूमि कब्जा करने के क्रम में ही,इस व्यक्ति द्वारा नगर निगम की संपति पर भी कब्जा करने पर मारपीट,गाली-गलौच,जान से मारने की धमकी के कारण एक वरिष्ठ भाजपा नेता देवराज भाटिया द्वारा भी थाना रायपुर में निम्न अपराध पंजीकृत करवाय गया है। मु.अ.सं,106/08 बनाम उमेश शर्मा धारा 323,504,506भा.दं.सं थाना रायपुर।
इसी के साथ इस तथाकथिक पत्रकार उमेश शर्मा पर उत्तराखंड में दर्जनों आपराधिक मामले दर्ज है। साथ ही यह भी संज्ञान में आया हैं कि जिन फ्लैट्स एवं काम्लेक्स के ध्वस्तीकरण के आदेश हो चुके हैं,को भी सही बताकर उमेश शर्मा द्वारा कई लोगों से धन हड़प लिया गया है। इस मामले में भी उमेश शर्मा पर कई मुकदमें दर्ज किए गये है। आम जन मानस में इस व्यक्ति के गुणडागर्दी एवं राजनैतिक व नौकरशाही पहुंच के कारण कई गरीब व्यक्ति अपनी संपत्ति देहरादून,ऋषिकेश,हरिद्वार आदि स्थानों पर गंवा चुके हैं,और जब राज्य सरकार ने इस व्यक्ति की इन करतुतों को उजागक किया तो यह व्यक्ति खुद के पोर्टल एवं न्यूज़ ऐंजेंसी के माध्यम से राज्य सरकार पर ही किचड़ उछालने का काम करने लगा। अब यहां सवाल यह उठता हैं की ऐसे व्यक्ति को सूबे के कुछेक राजनैतिज्ञ आखिर क्यों अपने साथ खड़े किए हुए हैं,या फिर उत्तराखंड पत्रकारिता के वरिष्ठजन ऐसे पत्रकार को क्यों खुद की प्रदेश में पनपने का मौका दे रहे है। कहीं न कहीं कुछ तो हैं,जो यह सवाल खड़े करता हैं की इस तथाकथित पत्रकार उमेश शर्मा के मायने कुछ लोग खुद के लिए रोटियां सेक रहे है। बल्किल रोटियां ही नहीं सेक रहे हैं। बल्कि इस देव भूमि में एक अपराधी को पनहा दे रहे है। क्योंकि आज उत्तराखंड पत्रकार जगत अच्छी तरह जानता हैं की उमेश शर्मा की वास्तविकता आखिर हैं क्या,यह व्यक्ति किस तरह से अपराध के दलदल में फंसा है। यह भी किसी से छुपा नहीं हैं कि जब राज्य सरकार ने इस व्यक्ति पर शिकंजा कसना शुरु किया तो,कुछ हैतिषियों ने इसे अपने यहां पनाह भी दी और कई दिन तक इस अपराधिक व्यक्तित्वों को अपने दमान में छुपे रखा। कौन नहीं जानता कि कुछ राजनैतिज्ञों ने इस तथाकथित पत्रकार को अपने विरोधियों को मात देने के लिए इसे तैयार किया। लेकिन यह बहुत ही दुर्भाग्य पूर्ण हैं कि जो अपराधी आपके राज्य में आकर खुले आम आपकी जनता को परेशान कर रहा हो,गाली-गलौच कर रहा हों,उसे आप अपने सीने से लगाए घूम रहे है। यह उत्तराखंड के इन नेताओं को एक बार सोचना होगा।
ravi
May 27, 2015 at 10:30 am
Shri Seghal abhi kafi pareshan chal raha ha,d.k.singh wala mamla unpar bhari pad raha ha..judge saheb phone details mangwa raha ha,Yashwant bhai aap bhee check karwoo,abhi bhaskar na khabar bhee kee thee
abhishekh
May 27, 2015 at 5:07 pm
samachar plus main dalaali chram seema par hain . agra ka stringer shiv chauhaan jo kal tak compounder tha aaj raato rat karodpati kaise ban gaya koi batane waala hain . umesh kumaar real estate ka karobaari hain joki chennel kee dhamak par apna kaam karta hain yah patrkar nahi saahni kee ada par chalne waale kutte paalta hain
Raghvendra Mishra
May 28, 2015 at 9:48 am
मीडिया की छोटी मोटी बड़ी समस्याओं को तरजीह देने के लिए भड़ास फोर मीडिया को पत्रकार साथियों की तरफ से काफी सम्मान व सहयोग मिलता रहा है। लेकिन पिछले कुछ महीनों से जिस तरह से यह पोर्टल दलाली व चापलूसी की सीमाएं लांघती नजर आ रही है उससे अब इस पर छपने वाली खबरों की विश्वसनीयता का संकट खड़ा हो गया है। बड़े मंगल पर समाचार प्लास की ओर से किये गये भंडारे में अगर प्रमुख सचिव सूचना नवनीत सहगल अगर शामिल हो गये तो इसमें बुरा क्या हुआ। भंडारे का कार्यक्रम भी तो मीडिया वालों का था, ऐसी बात से आपको क्या मिर्ची लगी यह समझ से बाहर है। आपकी पहचान तो पत्रकारों की समस्याओं को लेकर बनी है तो पत्रकारों के कार्यक्रम से आपकों आपत्ति क्यों होने लगी। जबकि यह एक धार्मिक कार्यक्रम था जहां आप भी आ सकते थे। यह अलग बात है कि आप पिछले दिनों श्रीटाइम अखबार के तीसरे वर्षगांठ पर आपको प्रबंधन की तरफ से सम्मानित किया गया था। जबकि यह बात लखनऊ की पूरी मीडिया को पता है कि यह के कर्मचारियों को कई महीनों से सैलरी नहीं मिली है, जिसकी खबर कई पोर्टल वालों ने प्रमुखता से छापा भी था। एक ऐसे आप ही थे जो इतनी बड़ी समस्या को छापने की हिम्मत नहीं जुटा सके। जो जैसा करता है उसका परिणाम भी उसको उसी तरह भुगतना पड़ता है। आप भी जिस तरह से अपने मकसद से पीछे हटे हैं उसका नतीजा अब सामने है। अगर पत्रकारिता का इतना शौक है तो पत्रकारों व जरूरतमंदों को फोकस करियें यहां दल्लों की कमी नहीं है।