लखनऊ के वरिष्ठ पत्रकार उदय यादव की दोनों किडनी खराब, ट्रांसप्लांट का खर्च 15 लाख रुपये, आइए मदद करें

Yashwant Singh : अभी-अभी मेरी लखनऊ के वरिष्ठ पत्रकार उदय यादव जी से उनके मोबाइल नंबर 09415754483 पर बात हुई. उनकी सेहत और बीमारी के बाबत चर्चा हुई. वे बता रहे थे कि कानपुर से संचालित यूपी केंद्रित रीजनल न्यूज चैनल ”के. न्यूज” ने उनकी बामारी को लेकर एक पैनल डिस्कशन का आयोजन किया था जिसका विषय कुछ यूं था कि सरोकारों की पत्रकारिता करने वाले इमानदार पत्रकारों के साथ उनके मुश्किल वक्त में यूपी की अखिलेश यादव की सरकार क्यों नहीं खड़ी होती. यह सरकार हमेशा दलाल पत्रकारों को ही क्यों बढ़ावा देती है और उन्हें तरह-तरह से उपकृत करती-रहती है. इसी बहस में कानपुर के विधायक सत्यदेव पचौरी भी मौजूद थे. उन्होंने कार्यक्रम के दौरान लाइव ही बीस हजार रुपये देने की घोषणा की और अगले दिन संजय गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (एसजीपीजीआई) जाकर डायलिसीस करा रहे वरिष्ठ पत्रकार उदय यादव को पैसा दे भी आए.


(उदय यादव)

(‘k news’ चैनल पर हुई परिचर्चा: ”वरिष्ठ पत्रकार उदय यादव की दोनों किडनी फेल… मदद की अपील के साथ पत्रकारों की दशा पर चिंता…”)


उदय की दोनों किडनियां खराब हैं. अब तक इनका सात लाख रुपया खर्च हो गया है. डायलिसिस पर चल रहे हैं. आए दिन डायलिसीस करानी पड़ती है. इनका आखिरी इलाज किडनी ट्रांसप्लांट ही है. इसमें करीब 15 लाख रुपये लगेंगे. बकौल उदय यादव- ”इतने पैसे कोई इमानदार पत्रकार कैसे इकट्ठे कर सकता है”. मैंने जब अपने पत्रकारीय करियर की शुरुआत लखनऊ में की थी तो उन दिनों कई लोगों के साथ-साथ उदय यादव जी के भी संपर्क में आया. बेहद शांत, सरल, ईमानदार और समझ वाले पत्रकार हैं ये. किसी भी तरह का कोई नशा इन्होंने कभी नहीं किया. सुर्ती सिगरेट गुटखा दारू… कुछ नहीं छुआ. मैं खुद गवाह हूं कि हम लोगों ने जाने कितनी दफे उन्हें सुर्ती या पान या सिगरेट या गुटखा या मदिरा चखने का प्रस्ताव किया पर उन्होंने हंसते हुए हमेशा इनकार किया. ऐसे शख्स को जब बीमार देखता हूं तो कष्ट होता है. हम जैसे मुस्टंडे जो तरह तरह की बुरी आदतों खराब लतों के शिकार हैं, अभ्यस्त हैं, कभी कुछ होता ही नहीं, होता भी है तो एकाध दिन बाद चंगा. पर उदय यादव सर जैसे लोगों के साथ इतनी गंभीर बीमारी जुड़ा देखता हूं तो अजीब सा कष्ट होता है.

बातों बातों में उदय जी बताने लगे कि यूपी सरकार को उन्होंने अप्लीकेशन दिया हुआ है और उनके मीडिया प्रभारी हफ्ते दस दिन में मदद राशि मिलने की बात कहते रहते हैं पर यह उनका यह कहना भी सुनते सुनते हफ्ते दस दिन से ज्यादा हो गए.

सोचिए आप. ये कैसी है कथित वंचितवादी, कथित समाजवादी सरकार जिसके पास उदय यादव सरीखे लखनऊ के ईमानदार और वरिष्ठ पत्रकारों के लिए कोई मदद नहीं है लेकिन लुटेरे दलाल चोर उचक्के कारपोरेट भ्रष्टाचारी रोजाना सरकार के नजदीक बैठ गलबहियां कर मिल रहे हैं. थू है ऐसे समाजवाद पर, थू है ऐसी सरकार पर और थू है ऐसे सरकार के पेड एजेंटों पर जो सोशल मीडिया पर साइकिल व सरकार की जयगान करने में कलम तोड़ दिया करते हैं…

भाइयों, उदय यादव जी की किडनी ट्रांसप्लांट की मुहिम को हमको और आपको मिलकर सफल बनाना है. मैंने उनसे उनका एकाउंट नंबर लिया है. यहां दे रहा हूं. जिससे जो संभव हो उसे इसमें डाले और इस पोस्ट को शेयर करे-कराए ताकि सोशल मीडिया की मुहिम से एक ईमानदार पत्रकार को उचित इलाज मिल सके जिससे उनकी ज़िंदगी के दिन लंबे हो सकें.

Udai Yadav
Saving bank account no. 0302010107956
United Bank of India
branch- Hazratganj
Lucknow
IFSC code- UTBIOHZ509

उदय यादव के घर का पता और मोबाइल नंबर यूं है…

उदय यादव
105/303
फूलबाग, हुसैनगंज
नजदीक गायत्री ज्वेलर्स
लखनऊ-226001

मोबाइल नंबर- 09415754483 और 09451568410

—-

अगर आप उदय यादव को किसी किस्म से मदद पहुंचाते हैं तो उसका उल्लेख करते हुए भड़ास को एक मेल कर दें, bhadas4media@gmail.com पर, ताकि आपकी अच्छी पहल के बारे में दूसरों को बताकर उन्हें भी मदद के लिए आगे आने को प्रेरित किया जा सके.

ध्यान रखें… इस पोस्ट को आप का एक शेयर एक ईमानदार और वरिष्ठ पत्रकार की जि़ंदगी के दिन बढ़ाने में मददगार हो सकता है… इस पोस्ट को आप का एक शेयर यूपी में जंगल राज, कुशासन, भ्रष्टाचार कायम करने वाली अखिलेश सरकार को झकझोर सकता है जिससे दबाव में यह आत्ममुग्ध और अहंकारी प्रदेश सरकार शायद ईमानदार पत्रकार को मदद राशि जारी कर सकती है, इसका ध्यान रखें…

विशेष अनुरोध लखनऊ के पत्रकारों से है जिनके पास सत्ता के करीब होने का मौका मिलता है, अफसरों नेताओं मंत्रियों से रोज टकराते बतियाते हैं.. ये लोग मिल जुल कर सरकार पर दबाव बनाएं कि वह उदय यादव के लिए पैसे तत्काल रिलीज करे. साथ ही ये लखनउवा पत्रकार लोग खुद भी आपस में चंदा करके उदय यादव की मदद करें.

इस मामले की मूल खबर ये है, क्लिक करें : http://goo.gl/cZ1Ky7

भड़ास के एडिटर यशवंत सिंह के फेसबुक वॉल से.

कृपया हमें अनुसरण करें और हमें पसंद करें:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *