मोदीराज में बैंकों द्वारा ग्राहकों की लूट के बाद अब BSNLभी हुआ डकैती में शामिल!

प्रधानमंत्री श्री नरेद्र मोदी जी और उनके मेहुल भाइयों की कृपा से दीवालिया होने की कगार तक पहुँच चुके सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक ग्राहकों की जेब नित नये बहानों से काटते हुए अपना घाटा पूरा करने के अभियान में जुटे हुए हैं। ग्राहकों को अपना मन बहलाने के लिए बैंक कोई सेवा का बहाना कर …

डिस्क्लेमर : इस कहानी का सम्बंध किसी फेंकू टाइप व्यक्ति से नहीं है…

जम्बू द्वीप के पर-पीड़क राजा मिडास की कथा… आपको यूनान के उस राजा मिडास की कहानी याद होगी जो अपनी इकलौती संतान अपनी पुत्री मैरीगोल्ड को बेहद प्यार करता था लेकिन उससे भी अधिक प्रेम उसे सोने से था। वह दिन-रात सोना इकट्ठा करने में लगा रहता। दुनिया में किसी भी राजा के पास उसके खजाने के बराबर सोना नहीं था। इस पर भी उसके कोष में सोना जितना ही अधिक बढ़ता, उसकी हवस भी उतनी ही बढ़ती जाती थी। जब वह अपने खजाने में एकत्र किये सोने को गिना करता था तब अपनी पुत्री को भी अनदेखा कर देता था।

सैनिकों और अर्ध-सैनिक बलों को बलि का बकरा बनाना देश के लिए घातक सिद्ध होगा

श्याम सिंह रावत

नरेंद्र मोदी का प्रधानमंत्री बनना एक बहुत बड़ी राष्ट्रीय आपदा थी, जिसके दुष्परिणाम हर क्षेत्र में एक-एक कर सामने आ रहे हैं। उनकी 56″ की छाती कश्मीरी आतंकवादियों से निपटने में तो नाकाम हो चुकी है लेकिन देश के अन्य हिस्सों में उत्पात मचा रहे उपद्रवियों को सबक सिखाने में भी वे पूरी तरह असफल साबित हो रहे हैं। हालांकि कानून और व्यवस्था राज्यों का मामला है लेकिन जिस तरह कुछ एकदम स्थानीय स्तर के मामलों में स्थिति को नियंत्रित करने के स्थान पर उसे और भी विकराल बनने की छूट देकर देश के दूसरे हिस्सों में भी फैलने दिया गया, उसमें केद्र के हस्तक्षेप की पर्याप्त गुंजाइश होते हुए भी उसका आंख-कान बंद कर लेना किसी भी प्रकार से उचित नहीं ठहराया जा सकता।

भाजपा के छद्म राष्ट्रवाद की बदौलत देश में लागू हुआ अधिनायकवादी निजाम का अघोषित आपातकाल!

बात 2-3 साल पहले की है, उन दिनों उत्तराखंड के हल्द्वानी, नैनीताल, रानीखेत, अल्मोड़ा, बागेश्वर आदि शहरों में कार चोरों का एक गिरोह नई-नई कारों की चोरी करने में सक्रिय था। कार के ऑटोमेटिक लॉक को चुटकी में तोड़ कर उड़ा ले जाने में माहिर गिरोह से परेशान लोगों का पुलिस-प्रशासन पर भारी दबाव था। पुलिस का कहना था कि लोग सावधान रहें और अपने वाहनों की सुरक्षा खुद करें क्योंकि ताला लगाने के बावजूद वाहन चोरी हो सकता है। अपनी बात की पुष्टि और जन-जागरण के लिए पुलिस ने ताला लगे वाहन को चोर कैसे उड़ा ले जाते हैं, इसका एक लाइव डेमो देने को हल्द्वानी में एक सार्वजनिक प्रदर्शन आयोजित किया। जिसकी अखबारों में पूर्व-घोषणा करके अधिक से अधिक लोगों को यह तमाशा देखने का न्यौता भी दिया गया।

Snapdeal जैसी कंपनियां कैसे ठग रही हैं भारतीयों को, सुनिए एक पीड़ित पत्रकार की जुबानी

देश में कॉरपोरेट अंधेरगर्दी के जरिए अरबों का धन्धा ग्राहक से अपना पता, पहचान और चेहरा छिपा कर किया जा रहा है!

क्या आपको पता है देश में ई-बिजनैस की दिग्गज कंपनी स्नैपडील अपना पता, पहचान और चेहरा छिपाते हुए सालाना अरबों रुपए का कारोबार कैसे कर रही है? कमाल तो यह कि इसके व्यापार में सहयोगी कंपनियों का भी यही हाल है। कॉरपोरेट क्षेत्र में (खास तौर पर स्नैपडील में) इन दिनों एक अजीब गोरखधंधा चल रहा है जिसकी जानकारी केवल भुक्तभोगी को ही हो सकती है, लेकिन उसके पास इसका कोई इलाज नहीं है।

‘सभ्यताओं के संघर्ष’ की शुरुआत हो चुकी है, मुस्लिम उग्रवाद बनेगा तृतीय विश्वयुद्ध का कारण!

क्या यूरोप पर इस्लामी शासन होगा और क्या अमेरिका वहाँ परमाणु हमला कर मुस्लिमों का सफाया कर देगा?

इस्तांबूल (तुर्की), क्वेटा (पाकिस्तान), जलालाबाद (अफगानिस्तान), जकार्ता (इंडोनेशिया) आदि में हुए हालिया आत्मघाती हमलों ने एक बार फिर साबित किया है कि इस्लामी आतंकवाद अभी समाप्त होने वाला नहीं है। हालांकि अभी कुछ दिन पहले ही इसके कमजोर होने के अनुमान लगाये जा रहे थे लेकिन ऐसे हल्के हमलों की निरंतरता से इन आशंकाओं को बल मिलता है कि कहीं यह भयंकर तूफान से पहले की चेतावनी तो नहीं है। यह बात निश्चित रूप से कही जा सकती है कि इन आत्मघाती हमलों के लिए कम समझ वाले युवाओं को तथाकथित जेहादी शहादत के आकर्षक भ्रम-जाल में फंसा कर धार्मिक उन्माद का जहर दुनिया भर में फैलाने का दुष्चक्र अभी आगे भी जारी रहेगा। यदि निकट भविष्य में कथित जेहादी ताकतें किसी तरह शक्ति बटोरने में सफल हो जाती हैं, जिसकी संभावना से इंकार भी नहीं किया जा सकता, तो जल्दी ही ऐसी अमानवीय घटनाओं का सिलसिला एक बार फिर शुरू हो सकता है।