पत्रकारों की उम्र 55 साल होने पर सरकारें इन्हें सत्ता में एडजस्ट करें!

वर्तमान में पत्रकारिता की जो दशा है, उस हिसाब से सरकार को एक उम्र के बाद हर पत्रकार को शासन में एडजस्ट करना चाहिए। दरअसल, आज पत्रकारिता की राह में अनेक बाधाएं आ चुकी हैं। काम का बोझ, तनाव, समस्याएं, अपर्याप्त वेतन तो है ही इसके ऊपर हर वक्त सिर पर नौकरी जाने का खतरा मंडराता रहता है। मुख्य धारा का एक पत्रकार अपने जीवन में इतना परिश्रम और तनाव झेल जाता है कि 50-55 की उम्र के बाद वह किसी काम का नहीं रह जाता है। शायद यही कारण है कि इस उम्र के बाद आज अनेक पत्रकार अपनी लाइन बदलने का असफल प्रयास करते हैं।

”बकवास 7×24” चैनल, चीखू ऐंकर और एक गधे का लाइव इंटरव्यू

विनय श्रीकर

देश के सबसे लोकप्रिय खबरिया चैनल ”बकवास 7×24” का चीखू ऐंकर पर्दे पर आता है और इस खास कार्यक्रम के बारे में बताता है। ऐंकर– आज हम अपने दर्शकों को दिखाने जा रहे हैं एक ऐसा लाइव इंटरव्यू, जिसको देख कर वे हमारे चैनल के बारे में बरबस कह उठेंगे कि ऐसा कार्यक्रम तैयार करने का बूता किसी और चैनल में नहीं है। स्टूडियो में गधे का प्रवेश। माइक लेकर चैनल का पत्रकार गधे से मुखातिब होता है। इंटरव्यू शुरू होता है–

रवीश के इस प्राइम टाइम शो को हम सभी पत्रकारों को देखना चाहिए

एनडीटीवी इंडिया पर कल रात नौ बजे प्राइम टाइम शो के दौरान रवीश कुमार ने पत्रकारों की विश्वसनीयता को लेकर एक परिचर्चा आयोजित की. इस शो में पत्रकार राजेश प्रियदर्शी और प्रकाश के रे के साथ रवीश ने मीडिया और पत्रकार पर जमकर चर्चा की.

अमिताभ के आते ही ‘के न्‍यूज’ में घमासान

कानपुर से चलने वाले के न्यूज में मालिकान के बीच गुटबाज़ी तेज़ हो गई है. दरअसल अभी तक चैनल का पूरा इस्तेमाल सिर्फ एक पार्टनर धर्मेश चतुर्वेदी कर रहे थे. चैनल के तमाम कर्मचारी धर्मेश चतुर्वेदी के जरिए बहाल किए गए हैं और एक साल भीतर इनपुट हेड से संपादक बने दुर्गेंद्र सिंह चौहान के साथ डायरेक्टर धर्मेश चतुर्वेदी ने चैनल के जरिए खूब कमाई की. तीन साल बाद चैनल के बाकी पार्टनर इस खेल को समझ गए और धर्मेश चतुर्वेदी के तमाम विरोधों को दरकिनार कर अमिताभ अग्निहोत्री को चैनल का बॉस बना दिया.

टीवी चैनलों को विज्ञापनों व कार्यक्रमों को लेकर ज्यादा सतर्क होने की जरूरत, अश्लीलता से सख्ती से निपटने के निर्देश

टेलीविजन चैनलों को विज्ञापनों और कार्यक्रमों को लेकर अब ज्यादा सतर्क होने की जरूरत है. माना जा रहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय को निर्देश दिया है कि अश्लील और अवांछित कार्यक्रम दिखाने वाले चैनलों पर कोई नरमी नहीं बरती जानी चाहिए. सूत्रों के मुताबिक सूचना एवं प्रसारण मंत्री अरूण जेटली ने भी संबंधित अधिकारियों को ऐसे ही निर्देश दिए हैं. हालांकि अश्लील और अवांछित कार्यक्रमों से निपटने के लिए दिशानिर्देश मौजूद हैं और कार्रवाई की जाती है लेकिन अब भी इन दिशानिर्देशों का उल्लंघन हो रहा है. हालांकि कई स्वनियामक व्यवस्थाओं के कारण इनमें कमी आई है लेकिन प्रधानमंत्री ने दिशानिर्देशों का उल्लंघन करने वाले चैनलों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की वकालत की है.

पाकिस्तान में एक टीवी पत्रकार की गोली मार हत्या

इस्लामाबाद: पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में निजी टीवी चैनल के एक पत्रकार की रविवार को आज अज्ञात बंदूकधारियों ने गोली मारकर हत्या कर दी। एक्सप्रेस न्यूज के संवाददाता याकूब शहजाद गुजरावालां शहर में एक कार्यालय में एक दोस्त के साथ बैठे थे, उसी दौरान कुछ सशस्त्र लोग आए और उन्होंने उन पर गोलियां चला दीं। उन्हें तीन गोलियां लगी और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। उनके बगल में बैठा एक अन्य व्यक्ति घायल हो गया। पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर सबूत जुटाए।