सौ पदों के लिए केवल बनियों के बच्चे अप्लाई करें!

Girish Malviya : ‘न खाऊँगा न खाने की दूँगा’ की बात करने वालों की यह असलियत यदि आप पढ़ लेंगे तो समझ जाएँगे कि यह बात करने वालों का दावा कितना बड़ा झूठ था, बशर्ते आप अंधभक्त न हों! सोशल मीडिया पर एक वैकेंसी खूब चर्चा रही… यह विज्ञापन रेलवे में बड़े पैमाने पर कैटरिंग …

तेजस एक्सप्रेस : जैसे जहाज रेल पटरियों पर दौड़ रहा हो… (देखें वीडियो)

तेजस एक्सप्रेस की शुरुआत का गवाह मैं भी बना. फर्स्ट डे फर्स्ट शो में शरीक हुआ. मैं गाजियाबाद से इस ट्रेन पर चढ़ा. दो ऐसे वाकये हुए जो आज भी याद है. तेजस एक्सप्रेस जब गाजियाबाद रेलवे स्टेशन पर आ रही थी तो मैं वीडियो बना रहा था. Share on:कृपया हमें अनुसरण करें और हमें …

रेल मंत्रालय पत्रकारों को दिव्यांग समझती है!

रेल मंत्रालय पत्रकारों को दिव्यांग समझती है। अगर आप irctc.com से online ticket बुक कराएँगे तो press concession के लिए आपको कोई option नहीं मिलेगा। वेबसाईट ने प्रेस को दिव्यांग की श्रेणी में डाल रखा है। Share on:कृपया हमें अनुसरण करें और हमें पसंद करें:

राजधानी समेत कई ट्रेनों में कैटरिंग शुल्क टिकट क्लास पर आधारित

रेलवे बोर्ड द्वारा लखनऊ स्थित एक्टिविस्ट डॉ नूतन ठाकुर को आरटीआई में दी गयी जानकारी के अनुसार शताब्दी, राजधानी तथा दुरंतो ट्रेनों में टिकट के साथ लिया जाने वाला कैटरिंग शुल्क यात्री के टिकट की श्रेणी के अनुसार अलग-अलग होता है. Share on:कृपया हमें अनुसरण करें और हमें पसंद करें:

संवाददाताओं के अधिकांश सवालों का संतोषप्रद जवाब नहीं दे पाए रेलमंत्री

नई दिल्ली। ट्रेन 8 से लेकर 16 घंटे लेट चल रही है। इस भीषण गर्मी में अधिकांश रेलवे स्टेशनों पर पीने का पानी नहीं है। पानी की मशीन का ढांचा खड़ा तो है पर सूखा। एक्सलेटर लगे तो हैं पर खराब पड़े हैं। लिफ्ट का इस्तेमाल डर से यात्री करते नहीं क्योंकि पता नहीं वह …

मोदीजी एंड टीम टाइम से रेल न चला सकी, देश क्या चला लेंगे!

Yashwant Singh : सिर्फ भारतीय रेल ही मोदीजी एन्ड टीम की कार्यकुशलता बताने / दिखाने के लिए काफी है। जिन्हें टाइम से रेल चलवा पाना नहीं आया, राम जानें वो देश क्या चला पा रहे होंगे। Share on:कृपया हमें अनुसरण करें और हमें पसंद करें:

अतिरिक्त उपाय नहीं किए तो रेल टिकट कन्फर्म होने की कोई गारंटी नहीं

भारतीय रेल, औकात नापने का ऐसा पैमाना है जिससे हर किसी का कभी न कभी वास्ता पड़ता है। राजा हो रंक शायद ही कोई बचा हो। कुछ दिन पहले एक दिलचस्प सर्वे पढ़ा था। सर्वेकर्ता एजेन्सी ने रिश्वत देने के मामले में राजनेताओं व ब्यूरोक्रेटस से राय ली थी कि क्या आपको कभी रिश्वत देने …

भारतीय रेलवे की मूर्खता का नमूना… Howrah को Hawrah बना दिया

रेलवे वालों को अंग्रेजी में ‘हावड़ा’ शुद्ध नहीं लिखना आता… देखें बानगी… पश्चिम बंगाल में कोलकाता के बाद हावड़ा दूसरा बड़ा और नामी शहर है। एक ट्रेन है शक्तिपुंज एक्सप्रेस… जो मध्यप्रदेश के जबलपुर शहर से हावड़ा तक जाती है।

नाम के आगे स्पेशल जोड़कर ट्रेन का किराया तीन गुना बढ़ा दिया

हैदराबाद से एक ट्रेन जाती है दरभंगा. वाया रायपुर जाने वाली वह ट्रेन हम मैथिलों के लिये वरदान सरीखा थी. मग्गह जाने से छुटकारा पाने का आनंद कोई मैथिल ही समझ सकता है. पहले जब तक हम पटना पहुँचते थे तबतक इस ट्रेन के आने से गाम पहुंच कर चूरा दही सरपेट लेते थे. कुछ दिन के लिए यह ट्रेन बंद हो गयी थी. अभी फिर से शुरू हुई है. वही नाम, वही नम्बर, रूट भी लगभग वही, समय भी वही. बस किया यह गया है कि इस ट्रेन के नाम में ‘स्पेशल’ जोड़ दिया गया है.

वरिष्ठ टीवी पत्रकार के साथ रेलवे ने किया बड़ा धोखा… देखें ये वीडियो…

Girijesh Kumar : भारतीय रेल की सवारी लगातार महँगी होती जा रही है, रेलवे को इंटरनैशनल बना देने के बड़े बड़े दावे किए जा रहे हैं. इन सबके बीच भारतीय रेल सेवा की हैरान करनेवाली हक़ीक़त देखिए. मैंने झाँसी से दिल्ली लौटने के लिए AC-3 में ऑनलाइन टिकट बुक किया. टिकट कन्फ़र्म था. मैसेज भी आ गया था. लेकिन ऐन यात्रा के दिन जो मैसेज आया उसमें मेरी सीट स्लीपर क्लास में दी गयी थी.

रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा की संसदीय सीट गाजीपुर में रेलवे स्टेशन पर अराजकता का आलम देखिए…

गाजीपुर लोकसभा संसदीय सीट से जीते मनोज सिन्हा रेल राज्य मंत्री हैं. उन्हीं के इलाके गाजीपुर के रेलवे स्टेशन पर अराजकता का आलम है. ट्रेनें आती और रुकती हैं लेकिन ट्रेनों का गेट नहीं खुलता और यात्री परेशान हो जाते हैं. टिकट होने के बावजूद यात्री ट्रेन पर चढ़ नहीं पाते. इस समस्या के संज्ञान में आने पर रेलवे स्टेशन पहुंचे भाजपा नेता राघवेंद्र सिंह, समाजसेवी सुजीत सिंह प्रिंस और अन्य लोग. इन लोगों ने देखा कि 12-12-2017 को पवन एक्सप्रेस रात्रि लगभग 11.30 बजे को स्टेशन पर आती है लेकिन इसका गेट नहीं खुलता. टिकट होने के बावजूद भी यात्री ट्रेन पर चढ़ नहीं पा रहे थे.

आरटीआई : उत्तर रेलवे में सात वर्षों में कुल 114 ट्रेनें लड़ी-भिड़ीं, 226 मारे गए

उत्तर रेलवे, दिल्ली द्वारा एक्टिविस्ट डॉ नूतन ठाकुर को आरटीआई में दी गयी सूचना के अनुसार 01 अप्रैल 2010 से अब तक कुल 114 ट्रेन दुर्घटनाएं हुई हैं. इनमे 110  मामलों में जाँच समिति की जाँच पूरी हो गयी है जबकि 04 मामलों में जाँच आख्या आनी बाकी है. इन ट्रेन दुर्घटनाओं में कुल 226 लोगों की मौत हुई जबकि 365 लोग घायल हुए. इन रेल दुर्घटनाओं में रेलवे के कुल 27.2 करोड़ रुपये की क्षति पहुँचने की बात बताई गयी है.

नवभारत टाइम्स के दामोदर व्यास ने रेल प्रशासन को दिया करारा जवाब

मुंबई : जरा सी बारिश में भी घंटों लोकल ट्रेन रोककर मुंबईकरों की नाक में दम कर देने वाले पश्चिम रेलवे का जनसंपर्क विभाग इन दिनों हॉलीवुड की महानतम धुन का प्रचार कर रहा है। गत दिनों पश्चिम रेलवे के जनसंपर्क विभाग के ईमेल आईडी से एक न्यूज़ सभी मीडियाकर्मियों को भेजी गई.. इसमें कहीं भी रेलवे का नामोनिशान तक नहीं था… लेकिन ओफिशियल तौर पर ये मेल आई थी इसलिए भाई लोग लग लग गए इस न्यूज़ को लगाने में…

चार महीने पहले रेल टिकट कटाने वाले इंजीनियर का दिवाली पर घर जाने का सपना ‘वेटिंग’ ही रह गया!

Yashwant Singh : हरिद्वार में कार्यरत इंजीनियर गौरव जून महीने में तीन टिकट कटाए थे, दिल्ली से सहरसा जाने के लिए, अपनी बहनों के साथ। ट्रेन आज है लेकिन टिकट वेटिंग ही रह गया। चार्ट प्रीपेयर्ड। लास्ट मोमेंट में मुझे इत्तिला किया, सो हाथ पांव मारने के बावजूद कुछ कर न पाया। दिवाली अपने होम टाउन में मनाने की उनकी ख्वाहिश धरी रह गई। दिवाली के दिन अपने जिला-जवार में होने की चार महीने पहले से की गई तैयारी काम न आई।

बिना पैसेंजर वाली आगरा-ग्वालियर पैसेंजर ट्रेन उतरी पटरी से (देखें वीडियो)

भारतीय रेलवे का हाल इन दिनों बहुत खराब है. रेलें आए दिन दुर्घटनाग्रस्त हो रही हैं जिसके कारण लोग ट्रेनों पर चढ़ने से डर रहे हैं. कई ट्रेनें इन दिनों हादसों के दौर से गुजरी हैं जिसमें बहुत सारे लोग हताहत भी हुए हैं. आज आगरा में आगरा-ग्वालियर पैसेंजर ट्रेन की बोगी पटरी से उतर गई. इस घटना के बाद उत्तर मध्य रेलवे के आगरा डिवीजन के अधिकारियों में हड़कंप मच गया. हालांकि ट्रेन में कोई पैसेंजर सवार नहीं था वरना बड़ा हादसा हो सकता था.

रेलवे की लूट का एक छोटा सा अनुभव सुना रहे हैं साहित्यकार अरुण माहेश्वरी

Arun Maheshwari : रेलवे की लूट का एक छोटा सा अनुभव… इस बार 1 सितंबर को हम जब दिल्ली सियालदह राजधानी एक्सप्रेस से दिल्ली आ रहे थे, हमारे साथ 3एसी में हमारी घरेलू सहायक मंजुरी कुइल का टिकट भी था। ट्रेन चलने के काफी देर बाद पता चला कि भूल से मंजुरी का टिकट सियालदह राजधानी का न होकर कोलकाता राजधानी का बन गया था जो हावड़ा स्टेशन से छूटती है।

मोदी-योगी राज में चोरी और चोरों का बोलबाला!

Yashwant Singh : अभी टिकट बुक कर रहा था, तत्काल में। प्रभु की साइट हैंग होती रही बार बार। paytm ने अलग से पैसा लिया और सरकार ने अलग से टैक्स वसूला, ऑनलाइन पेमेंट पर। ये साले भजपईये तो कांग्रेसियों से भी बड़े चोट्टे हैं। इनको रोज सुबह जूता भिगो कर पीटना चाहिए। मुस्लिम गाय गोबर पाकिस्तान राष्ट्रवाद के फर्जी मुद्दों पर देश को बांट कर खुद दोनों हाथ से लूटने में लगे हैं। ये लुटेरे खटमल की माफिक जनता का खून पी रहे हैं, थू सालों।

लोअर बर्थ महंगा करने को तत्पर प्रभुजी इन उपायों से भी कराएं रेलवे को भरपूर कमाई :)

रेल मंत्री को सोशल मीडिया पर मिल रहे कुछ नायाब सुझाव, देखें-जानें…. 

रेल मंत्री सुरेश प्रभु अब लोअर बर्थ / विंडो सीट बेचकर रेलवे की आय बढ़ाएंगे. इस लोअर बर्थ और विंडो सीट को पाने के लिए किराया बढ़ाये जाने की तैयारी है. सुरेश प्रभु के राज में रेलवे को कई अन्य तरीकों से भी आय हो सकता है. इस बारे में सोशल मीडिया पर तरह तरह के सुझाव प्रभु को मिल रहे हैं. कुछ सुझाव यहां संकलित करके प्रकाशित किए जा रहे हैं…

सुहेल देव एक्सप्रेस से नरक यात्रा (देखें वीडियो)

मोदी सरकार के इस कार्यकाल में गाजीपुर से सांसद मनोज सिन्हा ने रेल राज्यमंत्री के बतौर एक ट्रेन का तोहफा दिया जिले वासियों को. सुहेल देव एक्सप्रेस. गाजीपुर से आनंद विहार. हफ्ते में तीन दिन चलने वाली यह ट्रेन इन दिनों किसी नरक यात्रा का बोध कराती है. 14 अप्रैल 2016 को गाजीपुर से आनंद विहार के लिए चली इस सुहेल देव एक्सप्रेस के एस3 कोच में वाश बेसिन का पानी फैला गया.

भारतीय रेल के लिए मोदी राज है ‘नर्क काल’, ताजा अनुभव सुना रहे वरिष्ठ पत्रकार शंभूनाथ शुक्ला

Shambhunath Nath : कहीं रेलवे को बेचने की तैयारी तो नहीं!… आज रेलवे की भयानक अराजकता और रेल कर्मचारियों की लापरवाही के साक्षात दर्शन हुए। सुबह मुझे कानपुर शताब्दी (12033) पकड़कर वापस गाजियाबाद आना था। कानपुर स्टेशन से यह गाड़ी सुबह छह बजे खुलती है। कानपुर में मैं वहां जहां रुका था, वह जूही कलाँ दो के विवेक विहार डब्लू-टू का इलाका स्टेशन से करीब सात किमी होगा। सुबह पहले तो बुकिंग के बावजूद ओला ने धोखा दे दिया। वह कैब आई ही नहीं और ड्राइवर ने फोन तक नहीं रिसीव किया। तब मेरे बहनोई स्वयं मुझे छोडऩे आए। इस तरह दो लोगों की नींद में खलल पड़ा।

हिमगिरि एक्सप्रेस के सेकंड एसी में comesum catering ने परोसा सड़ा खाना, चोरों ने ब्रीफकेस उड़ाया

हावड़ा से लखनऊ जाने वाली गाड़ी हिमगिरि एक्सप्रेस के सेकंड एसी के A1 कोच में comesum catering द्वारा मुग़लसराय स्टेशन पर सड़े खाने की सप्लाई की गई। इस सड़े खाने के बारे में पूछने पर वेंडर ने बदतमीजी की। श्री संजीत कुमार, जो कि देवघर में एक सीमेंट व्यवसायी हैं, का 26″ का VIP का मैरून रंग का ब्रीफ़केस क्विल जं. और पटना के बीच में चोरी हो गया। बक्सर में GRP ने आकर खानापूरी करते हुवे फॉर्मल FIR लॉज कर लिया है।

महिला रेलकर्मी ने जीएम के साथ डुएट गाने से मना किया तो हुआ ट्रांसफर, थमा दी चार्जशीट

”पिछले 8 सालों से रेलवे में कल्चरल कोटे के तहत काम कर रही हूं। हर साल मंडल को नेशनल इंटर कंम्पटीशन में जिताती आ रही हूं। लेकिन आज तक कभी सम्मान या अवार्ड नहीं मिला। उल्टा अधिकारीयों की पर्सनल पार्टियों में घर जाकर गाना गाना पड़ता है। फिर चाहे दिवाली का मौका हो या न्यू ईयर का।” यह आपबीती है उस महिला सीनियर क्लर्क की जिसे रेलवे जीएम सत्येंद्र कुमार के साथ गाना न गाने पर सबसे बड़ी अनुशासन हीनता बताते हुये चार्जशीट और ट्रांसफर ऑर्डर दिया गया।

पत्रकारों को मिलता नहीं, तो रेलवे का प्रेस कोटा आखिर जाता कहां है?

रेलवे रिजर्वेशन में पत्रकारों को कोटा देती है, लेकिन ये कोटा कुछ ही पत्रकारों को मिल पाता है. जिस तरह अखबार मालिक और उनके चट्टे-बट्टे मैनेजर खुद को ‘संपादक’ या ‘रिपोर्टर’ बताकर ‘एक्रेडिटेशन कार्ड’ हथियाकर ‘सरकारी मान्यताप्राप्त पत्रकार’ बन जाते हैं और फिर सरकार की ओर से पत्रकारों को मिलने वाली मामूली से मामूली सुविधाएं भी हड़प लेते हैं, उसी तरह ये ‘तथाकथित पत्रकार’ रेलवे का रिजर्वेशन कोटा भी कब्जा लेते हैं. इसके अलावा कुछ ऐसे पत्रकार भी हैं, जो अपने लगे-सगे लोगों के लिए कोटा सुविधा का दुरुपयोग करते हैं. ऐसे में जो असली पत्रकार हैं और रेलवे कोटे जैसी सुविधाओं के असली हकदार हैं, वे बेचारे मुंह ताकते रह जाते हैं.

रेल मंत्री सुरेश प्रभु के नेतृत्व में भारतीय रेल ने बनाया नया ‘रिकार्ड’!

Pushya Mitra : मैं जिस ट्रेन से दिल्ली जाने वाला हूँ वह आज पटना से शाम 4 बजे खुलने वाली थी मगर कल शाम ही मैसेज आ गया कि वह पटना 11 की सुबह पहुंचेगी। वह ट्रेन अभी दिल्ली से कोलकाता के रास्ते में है और 24 घंटे से अधिक लेट हो चुकी है। और यह कहानी किसी एक ट्रेन की नहीं दिल्ली पटना रुट से गुजरने वाली 50 से अधिक रेलगाड़ियों की है। और यह बहुत सामान्य मामला है। असली खबर तो इस खबर में है।

देशभक्त यह दूसरा वाला रेलमंत्री है!

Madan Tiwary : एक रेल मंत्री थे। उन्होंने देखा स्लीपर में वेटिंग लिस्ट लंबी है और एसी की सीट खाली जा रही है। रेलमंत्री ने बिना कोई एक्स्ट्रा चार्ज लिए अपग्रेड सिस्टम लागू कर दिया। इससे हुआ ये कि अगर आपका टिकट वेटिंग है और एसी कोच में सीट खाली है तब आपका वेटिंग टिकट एसी में अपने आप अपग्रेड हो जाएगा।

भारत की अधिकांश रेल पटरियों की लाइफ ख़त्म हो चुकी है, ट्रेन से चलना बेहद जोखिम भरा

Subhash Chandra Kushwaha : मेरे एक प्रिय रिश्तेदार रेलवे में ट्रैक मेंटीनेंस से सम्बंधित इंजीनियर हैं. विदेशों में भी ट्रैक का निर्माण करने का अनुभव है. वे विगत १० सालों से कहा करते थे कि भारत की रेल जिस तरह बेहद कमजोर ट्रैक पर दौड़ रही है, यह बेहद जोखिमभरा है. वह बताते थे कि देश की अधिकांश पटरियों की लाइफ ख़त्म हो चुकी है मगर वे बदली नहीं जातीं. ट्रैक के नीचे गिट्टी की मोटाई मानक की आधी ही रखी जाती है. गिट्टी की कसाई ठीक से नहीं होती. ऐसे में बुलेट ट्रेन की बात छोड़िये, 100 की स्पीड में ट्रेन चलाना जोखिम भरा है.

रेल में हवाई यात्रा के सुख बनाम भारतीय रेल

कल 08792 निजामुद्दीन-दुर्ग एसी सुपरफास्ट स्पेशल से वास्ता पड़ा। निजामुद्दीन से चलने का ट्रेन का निश्चित समय सवेरे 830 बजे है सुबह सात बजे नेशनल ट्रेन एनक्वायरी सिस्टम पर चेक किया तो पता चला ट्रेन राइट टाइम जाएगी। यहीं से चलती है इसलिए कोई बड़ी बात नहीं थी। स्टेशन पहुंचा तो बताया गया प्लैटफॉर्म नंबर चार से जाएगी। प्लैटफॉर्म पर पहुंच गया तो घोषणा हुई (संयोग से सुनाई पड़ गया वरना देश भर में कई स्टैशनों के कई प्लैटफॉर्म पर घोषणा सुनाई नहीं पड़ती है और हम कुछ कर नहीं सकते) कि ट्रेन एक घंटे लेट है। परेशान होने के सिवा कुछ कर नहीं सकता था।

रियायती रेल टिकट आनलाइन बुक करने में पत्रकारों को आ रही दिक्कत….

Attn Pls…. online Rail Concessional Ticket

Dear Journalist Friend,

If your name is consisting of more than 16 words (including space in between) would not be able to take online concessional Rail Ticket, as IRCTC site will refuse to accept your name mentioned in your concessional Railway Card.

प्रभु की रेल में टायलेट के पानी से तैयार होता है टोमैटे सूप!

दूरंतो एक्सप्रेस में परोसा गया टॉयलेट के पानी से बना टोमैटो सूप… यात्रियों ने किया हंगामा… एर्नाकुलम से मुंबई जा रही दुरतों एक्सप्रेस में यात्रियों ने उस वक्त हंगामा खड़ा कर दिया जब उन्हें मालूम हुआ कि वे ट्रेन में जिस टोमैटो सूप का सेवन कर रहे हैं उसे टॉयलेट के पानी से तैयार किया गया है। इस मामले की पोल तब खुली जब एक यात्री ने कोझीकोड में स्टेशन मास्टर से शिकायत की। इसके बाद बड़ा बवाल मच गया। गुस्साए लोगों ने स्टेशन पर जमकर हंगामा किया और 15 मिनट तक ट्रेन को रोके रखा।