गरिमा वत्स ने जी मीडिया और राकेश आर्य ने डीडी न्यूज ज्वाइन किया, राकेश शुक्ला की नई पारी

“लाइव इंडिया” समेत कई न्यूज चैनल्स में शानदार एंकर के रूप में चर्चित रही टीवी पत्रकार गरिमा  सिंह के बारे में सूचना है उन्होंने जी मीडिया ज्वाइन कर लिया है. गरिमा ने जी ग्रुप के नए लांच होने वाले रीजनल न्यूज चैनल जी यूपी उत्तराखंड के साथ नई पारी की शुरुआत की है. गरिमा इससे पहले कईं नेशनल और रीजनल न्यूज चैनलों में काम कर चुकी हैं और अपनी शानदार एंकरिंग व रिपोर्टिंग के लिए जानी जाती हैं. जी मीडिया ज्वाइन करने से पहले समाचार प्लस में बतौर सीनियर प्रोड्यूसर/सीनियर एंकर गरिमा ने यूपी चुनाव में कई विधानसभा क्षेत्रों से चुनावी घुमक्कड कार्यक्रम किया.

चर्चित एंकर और टीवी जर्नलिस्ट नवीन कुमार ‘न्यूज24’ को अलविदा कह ‘आजतक’ लौट गए

अपनी दमदार आवाज, शानदार स्क्रिप्ट, सरोकारी तेवर और बेजोड़ एंकरिंग के जरिए हिंदी टीवी पत्रकारिता में डंका बजाने वाले नवीन कुमार ने न्यूज24 चैनल को अलविदा कह दिया है. उन्होंने नई पारी की शुरुआत आजतक चैनल के साथ की है. वे आजतक चैनल में पहले भी लंबे समय तक रह चुके हैं.

जयपुर से प्रसारित A1TV की हालत खस्ता, सेलरी के लिए तरस रहे कर्मी

अनिल लोढ़ा को गरीब पत्रकारों की हाय…. जयपुर से प्रसारित A1TV की हालत कई दिनों से खस्ता है। हाल ये है कि चैनल के शुरुआती दौर में जुड़ी मजबूत टीम के लोग एक-एक करके यहां से छोड़कर चले गए हैं। ऐसा इसलिए कि बङे-बङे दावे करने वाला चैनल प्रबंधन कर्मचारियों की तनख्वाह देने में फेल साबित हो रहा है। हाल ये है कि कर्मचारियों को चार-चार महीने में सैलरी मिल रही है। ऐसे में कर्मचारियों ने पहले तो चैनल के मालिक और संपादक अनिल लोढ़ा को हालात सुधारने के लिए कहा, लेकिन जब अनिल लोढ़ा ने आर्थिक तंगी का रोना रोकर हाथ खड़े कर दिए तो आउटपुट और वीडियो एडिटिंग से करीब 25 लोग नौकरी छोड़कर चले गए। 

अश्लील डांस की खबर न दिखाने के लिए रुपये लेते ये टीवी पत्रकार (देखें वीडियो)

यह वीडियो उत्तराखंड विधानसभा चुनाव के दौरान का रूड़की का बताया जा रहा है. इस वीडियो में एक डांस कार्यक्रम खत्म होने के बाद प्रत्याशी के आदमी द्वारा पत्रकारों को अश्लील डांस की खबर नहीं चलाने के लिए रूपये बांटे जा रहे हैं. वीडियो के पहले हिस्से में तीन पत्रकारों का एक ग्रुप दिखाई दे रहा है. पहला पत्रकार हरे और बैंगनी जैकेट में दिखाई दे रहा है और कह रहा है कि आप पहले हमारा कर दो. यह जनाब इंडिया न्यूज़ चैनल के रूड़की से रिपोर्टर हैं.

पत्रकारों की उम्र 55 साल होने पर सरकारें इन्हें सत्ता में एडजस्ट करें!

वर्तमान में पत्रकारिता की जो दशा है, उस हिसाब से सरकार को एक उम्र के बाद हर पत्रकार को शासन में एडजस्ट करना चाहिए। दरअसल, आज पत्रकारिता की राह में अनेक बाधाएं आ चुकी हैं। काम का बोझ, तनाव, समस्याएं, अपर्याप्त वेतन तो है ही इसके ऊपर हर वक्त सिर पर नौकरी जाने का खतरा मंडराता रहता है। मुख्य धारा का एक पत्रकार अपने जीवन में इतना परिश्रम और तनाव झेल जाता है कि 50-55 की उम्र के बाद वह किसी काम का नहीं रह जाता है। शायद यही कारण है कि इस उम्र के बाद आज अनेक पत्रकार अपनी लाइन बदलने का असफल प्रयास करते हैं।

वित्तीय पूंजी ने किसानों के सभी तबकों को तबाह किया है

किसान आंदोलन की नयी शुरुआत :  बैंक पति, स्टाक एक्सचेंज अधिपति जैसे वित्तीय अभिजात वर्ग के शासन में किसानों की अर्थव्यवस्था और जीवन का संकट उनकी आत्महत्याओं के रूप में चैतरफा दिख रहा है। यह वो दौर है जिसमें कारपोरेट पूंजी ने राजनीतिक सम्प्रभुता और आम नागरिकों के जीवन की बेहतरी के सभी पक्षों पर खुला हमला बोल दिया है। शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार पर भी वित्तीय पूंजी का गहरा हमला है लेकिन सबसे अधिक इसकी चोट अनौपचारिक आर्थिक क्षेत्र खासकर खेती-किसानी पर दिख रही है। पचास फीसदी से अधिक देश की आबादी खेती पर निर्भर है और आर्थिक संकट का भयावह चेहरा यहाँ खुलकर दिख रहा है।

अबे ओ दल्ले… (कविता)

अबे ओ दल्ले
सांप की केंचुली में छिपे जोंक
तुम सबसे घिनौने तब नहीं होते
जब बनते हो प्रहरी
और हाथ में डेढ़ फुट का डंडा
या वर्दी पर टंके सितारों के रुआब में
तुम उसे भगाते हो थाने से
जो भेड़ियों से भागकर
घूंघट भर हिम्मत जुटाकर
मन में प्रलंयकारी प्रण करके पहुंचती है
और तुम्हारीं
लपलपाती फटी जीभ तक पहुंचे
भोग का प्रकोप
उसकी बची खुची
अस्मत-किस्मत-हिम्मत को भी
चीर देती है

मनीष बाजपेयी, मनोज कुमार सैनी, प्रेमांशु शेखर, प्रशांत राय के बारे में सूचनाएं

खबर है कि एडिटर-इन-चीफ अमिताभ अग्निहोत्री के ‘के न्यूज’ से इस्तीफा देने के बाद यहां के एंकर मनीष बाजपाई ने भी ‘के न्यूज़’ का साथ छोड़ दिया है. यूपी के कानपूर से प्रसारित रीजनल न्यूज चैनल ‘के न्यूज़’ से एंकर मनीष बाजपेयी ने इस्तीफा देकर दूरदर्शन न्यूज़ में बतौर सीनियर एंकर ज्वाइन किया है. एक तो पहले से ही ‘के न्यूज़’ में यूपी ब्यूरो की जगह खाली थी जिसके कारण ‘के न्यूज़’ खबरों में काफी पीछे चल रहा था. अब चैनल से दो बड़े चेहरों का जाना इस चैनल के लिए शुभ संकेत नहीं है.

रामबहादुर राय ने मोदी पर जो कटाक्ष किया है वह विपक्ष आलोचना के 10 संस्करण लिख कर भी नहीं कर सकता!

मैंने राम बहादुर राय के साथ काफी लंबा वक्त बिताया है। वे जनसत्ता में हमारे वरिष्ठ थे और ब्यूरो चीफ भी थे। कुछ लोग कहते थे कि उनके तार संघ के साथ जुड़े हुए हैं। वे आपातकाल की घोषणा होने के बाद मीसा के तहत गिरफ्तार होने वाले पहले व्यक्ति बताए जाते हैं। संघ के लिए उन्होंने उत्तर पूर्व में काफी काम किया और पत्रकारिता में काफी देर से संभवतः 1980 के दशक में आए। इसके बावजूद उनका समाजवादियों के साथ घनिष्ठ संबंध रहा।

मुकेश अंबानी ने अपनी मैग्जीन ‘फोर्ब्स इंडिया’ के जरिए कह दिया- ”मोदी पर भारत की 73% जनता भरोसा करती है”

Dilip Mandal : देश के हर अख़बार और वेबसाइट ने छापा, हर चैनल ने दिखाया कि नरेंद्र मोदी पर भारत की 73% जनता भरोसा करती है। नरेंद्र मोदी दुनिया के सबसे लोकप्रिय राजनेता है। यह ‘खबर’ चूंकि हर जगह छपी और हर चैनल ने दिखाई, जिनमें मोदीभक्त और तथाकथित प्रगतिशील चैनल और साइट भी हैं, तो आपके लिए भी शक करने का कोई कारण नहीं रहा होगा. हर कोई बोल और दिखा रहा है, तो शक कौन करता है? अब आइए इस ख़बर का एक्सरे निकालते हैं।

भास्कर की लैंड डील कैंसल करने वाली महिला आईएएस अफसर का तबादला

लगता है रमन सिंह दैनिक भास्कर के सामने दंडवत हो गए हैं. तभी तो उस महिला आईएएस अधिकारी का तबादला कर दिया गया जिसने दैनिक भास्कर की रायपुर में जमीन की लैंडडील रद्द की थी. इस बारे में स्टेट्समैन अखबार में विस्तार से खबर छपी है, जिसे नीचे पढ़ सकते हैं….

अमिताभ अग्निहोत्री ईटीवी के एक्जीक्यूटिव एडिटर बने, पीयूष बबेले दैनिक भास्कर के पोलिटिकल एडिटर हुए

‘के न्यूज’ नामक चैनल के संपादक पद से इस्तीफा देकर अमिताभ अग्निहोत्री ईटीवी समूह पहुंच गए हैं. उन्हें ईटीवी में एक्जीक्यूटिव एडिटर बनाया गया है. अमिताभ ‘के न्यूज’ से पहले टोटल टीवी, समाचार प्लस समेत कई चैनलों में कार्यरत रहे. अमिताभ मीडिया में 30 साल से सक्रिय हैं. जेएनयू से पढ़ाई करने वाले अमिताभ मूलतः फर्रूखाबाद के रहने वाले हैं. करियर की शुरुआत वर्ष 1990 में उन्होंने दैनिक जागरण के दिल्ली से की थी. वे दैनिक आज, दैनिक भास्कर, देशबंधु में भी नौकरी कर चुके हैं.

यशवंत ने फेसबुक पर लिखा- ”26 अगस्त से भड़ास बंद!”

भड़ास4मीडिया के एडिटर यशवंत ने फेसबुक पर एक छोटी-सी पोस्ट डालकर ऐलान किया कि भड़ास4मीडिया का संचालन 26 अगस्त से बंद कर दिया जाएगा. इसके पीछे उन्होंने वजह आर्थिक संकट के साथ-साथ हिंदी समाज व इसकी समझ को भी बताया है. इस ऐलान के बाद आए सैकड़ों कमेंट्स में से कुछ चुनिंदा यहां दिए जा रहे हैं…

सिजेरियन का सच

Ila Joshi : जब तक सिजेरियन तरीके से प्रसव कराने की तकनीक हमारे देश में नहीं थी, या कहना चाहिए कि जब तक ये तरीका बेहद आम नहीं बना था तब तक नॉर्मल डिलीवरी को लेकर जितनी आशंकाएं डॉक्टर आज आपको गिनाते हैं ये लगभग नामौजूद ही थीं। सिजेरियन डिलीवरी से जुड़ी डिलीवरी के बाद की कॉम्प्लिकेशन के बारे में अगर आप अंजान हैं तो ज़रूर पढ़ लें क्योंकि ये फेहरिस्त बेहद लम्बी है।

अखिलेश यादव से मुलाकात के लिए वरिष्ठ पत्रकार ने फोन किया तो उधर से सोनू भैया बोले- ‘एक हफ्ते बाद आओ!’

Shambhu Nath Shukla : एक बार नेता जी (मुलायमसिंह यादव) कहीं जा रहे थे गेट से उनकी गाड़ी निकली कि दो पत्रकार लपक कर उनकी गाड़ी के सामने आ गए और बोले- नेताजी आपसे बात करनी है. नेता जी गाड़ी से उतरे और कहा- ‘अंदर चलौ, कपिल सिब्बल ते मिलन जात ते, अब नहीं जात, तुमहीं से बात करे लेत हैं’. पत्रकार नेता जी की बात से शरमा गए, बोले- नहीं नेता जी आप जाओ. पर नेता जी ने कहा नहीं अब हम नहीं जात. यह नेता जी की अदा थी जो सबको उनका मुरीद बनाती थी.

दैनिक भास्कर ने अपने कर्मियों से कहा- ”10 लाख नए पाठक जोड़ने हैं, प्रति पाठक 150 रुपये मिलेंगे!”

दैनिक भास्कर ग्रुप ने ऑफिशियल लेटर जारी कर अपने कर्मियों को इस साल 10 लाख नये पाठक जोड़ने का टारगेट बताया है और इसके लिए उसने अपने कर्मियों को ऑफर दिया है कि वे नये पाठक जुड़वायें जिसके लिए उन्हें प्रति पाठक 150 रुपये का कमीशन या प्रोत्साहन राशि मिलेगी। बहरहाल इस ऑफर के बाद कुछ कर्मी यह सोच रहे हैं कि क्या अब पत्रकारिता “टारगेट जॉब” तो नहीं बन जायेगी? हो सकता है कस्टमर न लाने वालों का इंक्रीमेंट/प्रमोशन भी कंपनी रोक दे।

एयर इंडिया को खुद के निजीकरण और पीएमओ को पीएम की विदेश यात्रा के बारे में नहीं पता!

एयर इंडिया, जिसके निजीकरण के सम्बन्ध में पिछले दिनों लगातार चर्चा चल रही है, को अपने स्वयं के निजीकरण के सम्बन्ध में कोई जानकारी नहीं है. आरटीआई एक्टिविस्ट डॉ नूतन ठाकुर ने एयर इंडिया से उसके निजीकरण के सम्बन्ध में उसके तथा अन्य कार्यालयों में हुए पत्राचार सहित निजीकरण प्रस्ताव विषयक समस्त अभिलेख देने का अनुरोध किया था. एयर इंडिया के एजीएम (ओए) एस के बजाज ने 11 जुलाई 2017 के अपने पत्र द्वारा बताया कि एयर इंडिया ने किसी प्रस्तावित निजीकरण के सम्बन्ध में किसी भी कार्यालय से कोई पत्राचार नहीं किया है और न ही उसे इस सम्बन्ध में कोई भी पत्र प्राप्त हुआ है. अतः उसे प्रस्तावित निजीकरण के सम्बन्ध में कोई सूचना नहीं है. नूतन के अनुसार यह आश्चर्यजनक है कि जिस कंपनी का निजीकरण प्रस्तावित है, वह ही इस पूरी प्रक्रिया से अलग रखा गया दिख रहा है.  

बीईए के अध्यक्ष पद से शाजी ज़मां का इस्तीफा, सुधीर चौधरी को मनाने-पटाने की तैयारी

पिछले दिनों ब्राडकास्ट एडिटर्स एसोसिएशन यानि बीईए की हुई बैठक को लेकर मीडिया मार्केट में कई तरह की सूचनाएं तैर रही हैं. सबसे पहली खबर तो ये है कि नेशनल हिंदी न्यूज चैनल्स के संपादकों की इस संस्था के अध्यक्ष पद से शाजी ज़मां ने इस्तीफा दे दिया है. बीईए के पदाधिकारियों ने शाजी से अनुरोध किया है कि वे महीने भर तक पद पर बने रहें ताकि इस बीच नए अध्यक्ष का चुनाव या मनोनयन हो सके.

पत्रकार दीपक शर्मा समेत कइयों के खिलााफ मुकदमा दर्ज

‘आजतक’ न्यूज चैनल में लंबे समय तक खोजी पत्रकारिता करने वाले पत्रकार दीपक शर्मा पिछले कुछ साल से ‘इंडिया संवाद’ नामक अपना वेब पोर्टल चला रहे हैं. इस पोर्टल से कई पत्रकारों और नौकरशाहों को उन्होंने जोड़ रखा है. पोर्टल और इसके संचालकों पर कई बार गंभीर किस्म के आरोप लगे. ताजा मामला लखनऊ का है. यहां के एक थाने में दीपक शर्मा और पोर्टल से जुड़े कई अन्य पत्रकारों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ है.

मुम्बई के जाने माने प्रेस फोटोग्राफर राजू उपाध्याय का दुर्घटना में निधन

मुम्बई के जाने माने फ़िल्म प्रेस फोटोग्राफर राजू उपाध्याय का वाराणसी से सटे गोपीगंज थाना इलाके के छतमी में एक ट्रक से हुई दुर्घटना में गुरुवार की सुबह निधन हो गया। वो मूलतः भदोही जिले के रहने वाले थे। वो सोमवार को भदोही आए थे। उनकी पत्नी यहां सीतामढ़ी में शिक्षिका हैं। हादसे के वक्त राजू सीतामढ़ी स्थित आवास से दवा लेने के लिए बाइक द्वारा गोपीगंज बाजार जा रहे थे।

’22+ कैटगरी’ में आजतक को पछाड़ जी न्यूज बन गया नंबर वन, इंडिया टीवी और इंडिया न्यूज के दुर्दिन जारी

इस साल के 27वें हफ्ते की टीआरपी देख पता चलता है कि ’22+ कैटगरी’ में जी न्यूज नंबर वन है. जी न्यूज ने इस कैटगरी में आजतक को पछाड़ कर नंबर वन का तमगा हासिल किया है. लेकिन जो मुख्य कैटगरी है, ‘CS15+’ की, उसमें आजतक अब भी नंबर वन है. सबसे ज्यादा बुरा दौर चल रहा है इंडिया टीवी, इंडिया न्यूज और न्यूज24 का. ये तीनों चैनल लगातार पछाड़ खाते हुए भूलुंठित हो रहे हैं.

कुमार विश्वास ने अमिताभ बच्चन की नोटिस का दिया जवाब

महानायक अमिताभ बच्चन ने कवि डॉ कुमार विश्वास को लीगक नोटिस भिजवाया है। डॉ कुमार विश्वास ने पुराने हिन्दी कवियों को श्रद्धांजलि की श्रृंखला, ‘तर्पण’ पिछले सप्ताह शुरू की थी। कुमार इस श्रृंखला को ले कर काफ़ी उत्साहित थे और उन्होंने इसका जिक्र अपने ऑफिसियल फेसबुक, ट्वीटर इत्यादि पर भी किया था। इस श्रृंखला में विश्वास लगभग 15 दिवंगत कवियों की कविताओं की संगीतमय प्रस्तुति करते हैं। इन कवियों में बाबा नागार्जुन, दिनकर, निराला, बच्चन, महादेवी, दुष्यंत, भवानी प्रसाद मिश्र के साथ अन्य कवियों की कविताएं शामिल है।

तेजस्वी के सुरक्षाकर्मियों ने मीडियाकर्मियों को पीटा, एबीपी न्यूज के प्रकाश कुमार हंसते रहे

बिहार के उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव के सुरक्षा में लगे सुरक्षा गार्ड्स ने बुधवार को मीडियाकर्मियों से मारपीट की जिसमें कई पत्रकारों को चोटें लगी है. कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक में हिस्सा लेकर जैसे ही तेजस्वी यादव बाहर निकले वैसे ही मीडियाकर्मियों ने उनका पक्ष जानने की कोशिश की. इस दौरान पत्रकारों की भीड़ कुछ ज्यादा थी. जब पत्रकार सवाल पूछने की कोशिश लगे तभी तेजस्वी यादव के सुरक्षाकर्मी मीडिया वालों मारपीट करने लगे. इस दौरान कई पत्रकार जख्मी हुए.

विशाल, जीतेंद्र, शाहनवाज, वरुण, सुमित, अभय, धर्मेंद्र, अंकित के बारे में सूचनाएं.

विशाल राज मिश्रा ने etv नेटवर्क को अलविदा कहा. विशाल etv न्यूज़ में बतौर सीनियर वीटी एडिटर के रूप में अपनी सेवा दे रहे थे. इससे पहले वो आर्यन टीवी, नक्षत्र न्यूज़ जैसे कई मीडिया संस्थानों में अपनी सेवा दे चुके हैं. वो etv न्यूज़ up/uk के लिए कई विशेष कार्यक्रम देखते थे. विशाल जल्द …

नईदुनिया रायपुर में यूनियन वालों ने मार्केटिंग हेड और प्रसार हेड के खिलाफ दर्ज करा दी एफआईआर

नईदुनिया रायपुर के एड-अकाऊंट विभाग मे कार्यरत ए. चन्द्रशेखर रेड्डी ने समाचार पत्र कर्मचारी संघ (नईदुनिया प्रकोष्ट) को सूचना दी कि उन्हें प्रबंधन परेशान और प्रताड़ना कर रहा है. लिखित शिकायत मिलने के बाद यूनियन की तरफ से अध्यक्ष नसीम मोहम्मद, महासचिव पी.सी. रथ, कोषाध्यक्ष मुकेश वर्मा, प्रफुल मसीह, चंद्रशेखर रेड्डी एवं अन्य सदस्य सहायक श्रमायुक्त से मिले और वहां लिखित कंप्लेन दी. इन लोगों ने मार्केटिंग हेड जय दुबे व प्रसार हेड आलोक शर्मा के खिलाफ उचित कार्रवाही करने की मांग की. सहायक श्रमायुक्त ने कार्रवाई करने का आश्वासन दिया और प्रताड़ना के विरूद्ध एफआईआर करने की सलाह दी.

दैनिक जागरण ने मेरा पैसा नहीं दिया तो हाईकोर्ट जाऊंगा

पटना के बाढ़ अनुमंडल से दैनिक जागरण के पत्रकार सत्यनारायण चतुर्वेदी लिखते हैं-

मैं सत्यनारायण चतुर्वेदी दैनिक जागरण बिहार संस्करण के स्थापना व प्रकाशनकाल से बाढ़ अनुमण्डल से निष्ठा व ईमानदारी पूर्वक संवाद प्रेषण का कार्य करता रहा हूँ. नये सम्पादक जी के आने के कुछ ही महीने बाद वर्ष 2015 के अक्टूबर माह से अचानक मेरी खबरों के प्रकाशन पर रोक लगा दी गयी जो अब तक जारी है। इस बारे में मैंने रोक हटाने का निवेदन श्रीमान सम्पादक जी से किया, लेकिन कुछ नहीं हुआ।

11 हज़ार करोड़ के लॉटरी घोटाले में फंसे एस्सेल समूह के सुभाष चंद्रा और इनके छोटे भाई अशोक गोयल!

भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (सीएजी) ने चार निजी कंपनियों और मिजोरम सरकार के अधिकारियों को 2012-2015 के दौरान राज्य द्वारा चलाई जाने वाली लॉटरियों में हुई भीषण धांधलियों के लिए आड़े हाथों लिया है. इन चार कंपनियों में से एक के तार सुभाष चंद्रा के नेतृत्व वाले एस्सेल समूह से काफ़ी नज़दीक से जुड़े हुए हैं, जिसके सबसे बड़े शेयरहोल्डरों में सुभाष चंद्रा के बेटे और भाई शामिल हैं. इन कथित धांधलियों में ज़्यादा गंभीर आरोप करीब 11,808 करोड़ की राशि राज्य के खज़ाने में जमा नहीं कराने का है, जो उसमें जमा कराई जानी थी.

मजीठिया समिति की 20 को बैठक, अखबार मालिकों के फर्जी एफिडेविट का मामला उठेगा

मुंबई : देश भर के मीडिया कर्मियों के वेतन और प्रमोशन से जुड़े जस्टिस मजीठिया वेज बोर्ड की सिफारिश को अमल में लाने के लिए गठित महाराष्ट्र की त्रिपक्षीय समिती की बैठक मुंबई में कामगार आयुक्त कार्यालय के समिती कक्ष में 20 जुलाई को आयोजित की जा रही है। माननीय सुप्रीमकोर्ट के 19 जून को आये आदेश के बाद महाराष्ट्र में ये पहली त्रिपक्षीय समिति की बैठक होगी। इस बैठक में पत्रकारों की तरफ से पांच प्रतिनिधि नेशनल यूनियन ऑफ़ जर्नलिस्ट की महाराष्ट्र महासचिव शीतल हरीश करदेकर, बृहन मुंबई यूनियन ऑफ़ जर्नलिस्ट के मन्त्रराज जयराज पांडे, रवींद्र राघवेंन्द्र देशमुख, इंदर जैन कन्वेनर ज्वाइन्ट एक्शन कमेटी ठाणे और किरण शेलार शामिल होंगे।

सन्मार्ग के कर्मियों ने वेतन लेने से किया इनकार, प्रबंधन ने दी तबादले की धमकी

रांची : कोलकाता के हिंदी दैनिक सन्मार्ग के रांची संस्करण के कर्मी दो माह से वेतन नहीं ले रहे हैं। वे वेतन बढ़ोत्तरी पीएफ, ईएसआई बैंक खाते में भुगतान और भत्तों की मांग को लेकर पिछले दो वर्षों से संघर्ष कर रहे हैं। इस बीच वे चार बार मांगपत्र दे चुके हैं। दो बार वार्ता भी हो चुकी है। लेकिन उन्हें कोरा आश्वासन ही मिलता रहा है। सरकार के सख्त निर्देश के बाद भी उन्हें बाउचर पेमेंट दिया जाता रहा है। उसकी भी कोई तय समय सीमा नहीं है।

भास्कर दिल्ली के एडिटर बने आनंद पांडेय, नभाटा में आशीष पांडे व सुधीर मिश्र को प्रमोशन, सुरेश पहुंचे एनडीटीवी

नई दुनिया के ग्रुप एडिटर पद से इस्तीफा देने वाले वरिष्ठ पत्रकार आनंद पांडे दैनिक भास्कर दिल्ली एडिशन के संपादक होंगे. वे तीसरी बार भास्कर समूह से जुड़े हैं. आनंद पांडे ने 1996 में करियर की शुरुआत रिपोर्टर के रूप में दैनिक भास्कर इंदौर से की थी. वे जी न्यूज के साथ भी काम कर चुके हैं. वे आईबीएन7 में भी लंबे समय तक रहे. इसके बाद वह दो बार नई दुनिया गए और एक बार दैनिक भास्कर. अबकी वह तीसरी बार भास्कर समूह से जुड़ रहे हैं.

…तो ये है आनंद पांडे की नईदुनिया छोड़ने की वजह!

पत्रकारिता जगत में अभी आनंद पांडे का नईदुनिया से इस्तीफा गंभीर चर्चा का विषय बना हुआ है। जिसने भी इस खबर को सुना, चौंक गया। आनंद पांडेय के फ़ोन घनघनने लगे। जो उन्हें सीधे कॉल नहीं कर सकते थे, वो करीबियों से पर्दे के पीछे की कहानी समझने की कोशिश करते रहे। अफवाहों का बाजार गर्म हो गया। लेकिन हकीकत किसी को पता नहीं कि आखिर इस्तीफा हुआ क्यों? इसके लिए थोड़ा बैक ग्राउंड जानना जरूरी है। नवंबर 2014 में पांडे जी ने दैनिक भास्कर से इस्तीफा दिया था। उस वक़्त वो भास्कर ग्रुप में शिखर पर थे। उनकी तेज तर्रार कार्यशैली के भास्कर के एमडी सुधीर अग्रवाल और डायरेक्टर गिरीश अग्रवाल इतने प्रभावित हुए कि उनका प्रमोशन पर प्रमोशन होता गया। एडिटोरियल से लेकर ब्रांड और अवार्ड organising कमिटी के वो मेंबर बन गए। हर महत्वपूर्ण इवेंट के लिए उनकी राय ली जाने लगी। पांडेजी के बढ़ते कद से ग्रुप एडिटर कल्पेश याग्निक तक को अपनी कुर्सी का खतरा महसूस होने लगा।

आरबीआई से लाइसेंस लिए बगैर क्रेडिट सोसायटियां नहीं ले सकेगी जमाएं

राजस्थान उच्च न्यायालय का अहम फैसला, तीन माह में लेना होगा लाइसेंस

राजस्थान हाईकोर्ट ने एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए अहम फैसला दिया है कि सहकारी एक्ट के तहत पंजीकृत क्रेडिट कोआपरेटिव सोसायटियां अब किसी तरह की जमाएं प्राप्त नहीं कर सकेंगी। संचालित सोसायटियों को ऐसा कारोबार करने के लिए तीन माह मे रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) से लाइसेंस प्राप्त करना अनिवार्य होगा। मुख्य न्यायाधीश सुनील अम्बवानी एवं न्यायाधीश अजीतसिंह की खण्डपीठ ने बाड़मेर के सज्जनसिंह भाटी की ओर से दायर पीआईएल को स्वीकार करते हुए यह आदेश पारित किया।

यूपी में ‘ईमानदार’ मुख्यमंत्री के मुफ़्तख़ोर ‘भ्रष्ट’ मंत्री!

Surya Pratap Singh : उ.प्र. में ‘ईमानदार’ मुख्यमंत्री के मुफ़्तख़ोर ‘भ्रष्ट’ मंत्री…. उत्तर प्रदेश में कुछ भ्रष्ट मंत्रियों के स्टाफ़ व आगंतुकों के खाने-पीने व रहने के ख़र्चे कौन उठाता है ? यह एक गोपनीय जाँच का विषय है, इंटेलिजेन्स एकत्र की जानी चाहिए। आप जान कर हैरान हो जाएँगे कि सड़क निर्माण से जुड़े दो विभागों में से अपेक्षाकृत ‘छोटे बजट’ वाले विभाग के मंत्री के ५०-६० स्टाफ़ के रहने/खाने व प्रति दिन आने वाले सैकड़ों आगंतुकों की आवभगत का लगभग रु. १० लाख प्रति माह ख़र्चे कौन उठाता है… विभागीय अधिकारी ‘लूटे’ हुए कमिशन से यह ख़र्चा उठाते हैं।

खुद को संजय गांधी की पुत्री बताने वाली प्रिया सिंह पॉल ने एक जमाने में बहुत सारे नामों को छोटे पर्दे पर चमकाया था!

Prabhat Ranjan : आजकल मीडिया में प्रिया सिंह पॉल का नाम चर्चा में है। 90 के दशक में जब भारत में निजी टीवी चैनलों का विस्तार हो रहा था तो उनका नाम जाना पहचाना था। जहां तक मुझे याद आता है वह ज़ी टीवी चैनल की प्रोग्रामिंग हेड भी थीं। न जाने कितने नामों को उन्होंने टीवी के पर्दे पर चमकाया। बाद में उस दौर में टीवी के सभी प्रमुख नामों के साथ उनका नाम भी गुम हो गया।

नईदुनिया प्रबन्धन ने मजीठिया क्रांतिकारियों की सेलरी में मात्र सौ रुपये प्रतिमाह की वृद्धि की

जागरण प्रकाशन की इकाई नईदुनिया ने वार्षिक वेतन वृद्धि के दौरान मजीठिया का केस लगाने वाले अपने समस्त कर्मचारियों के वेतन में प्रतिमाह मात्र 100 रुपये की वृद्धि की है। कहा जा रहा है कि ऐसा कर नईदुनिया और जागरण के प्रबन्धन ने अपने कर्मचारियों को, जिन्होंने अपने जायज़ वेतन की मांग के चलते मजीठिया के लिए कोर्ट केस किया हुआ है, सजा के तौर पर यह मामूली वेतन वृद्धि की है।

आईआईएमसी के प्रोफेसर आनंद प्रधान हास्टल वार्डन के प्रशासनिक दायित्व से मुक्त

इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मॉस कम्युनिकेशन यानि आईआईएमसी में इन दिनों महानिदेशक केजी सुरेश के चमड़े का सिक्का चल रहा है. शिक्षकों से उनकी सीधी भिड़ंत है लेकिन सत्ता शह के बल पर वह लगातार अपनी मनमानी चलाते जा रहे हैं. ताजी सूचना के मुताबिक प्रोफेसर आनंद प्रधान को हॉस्टल वॉर्डन के प्रशासनिक कार्यों के दायित्व से मुक्त कर दिया गया है. चौदह वर्षों से आईआईएमसी से जुड़े और छात्रों के बीच बेहद लोकप्रिय आनंद प्रधान फिलवक्त बतौर एसोसिएट प्रोफेसर के रूप में कार्यरत हैं.

सेल्फी की चाहत में मौत को गले लगाते युवा

आजकल सेल्फी युवाओं की मौत का सबब बनती जा रही है। महाराष्ट्र के नागपुर में एक बार फिर सेल्फी की चाहत ने आठ युवा दोस्तों की जान लेकर उनके परिवार में ऐसा अंधकार किया कि अब वहां उजाले की किरणें कभी नजर नहीं आयेंगी। लोग कहीं घूमने जाएं या फिर रेस्तरां में खाना खाने बैठें, सेल्फी लेना नहीं भूलते। फिर चाहे उस तस्वीर को दोबारा जिंदगी में कभी देखें भी नहीं। खास कर युवाओं के स्मार्टफोन सेल्फी वाली तस्वीरों से भरे रहते हैं। फोन को हाथ में लिए कैमरे की ओर मुस्कुराते हुए पोज देते समय किसी के ध्यान में नहीं आता कि यह आखिरी मुस्कराहट हो सकती है। दुनिया भर में सेल्फी के चक्कर में 150 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है।

कानपुर के पत्रकार दो गुटों में बंटे, एक दूसरे की जमकर टांग खिंचाई हो रही

कानपुर प्रेस क्‍लब चुनाव के बाद स्‍थानीय पत्रकारों के बीच शुरू हुयी रार थमने का नाम नही ले रही है। चुनाव के बाद स्‍थानीय पत्रकार दो गुटों में बंटे साफ नज़र आ रहे हैं। इनके द्वारा नित्‍य नये नये आरोप एक दूसरे गुट पर लगाये जा रहे हैं। रार की शुरुआत चुनाव परिणाम आते ही शुरू हो गयी थी। चुनाव हारे सुरेश त्रिवेदी ने तुरंत ही फर्जी वोट डाले जाने की बात कह कर परिणाम को संदेह के घेरे में रखने की कोशिश की थी। आरोप प्रत्‍यारोप के चलते पत्रकार अब एक दूसरे पक्ष के विरूद्ध लामबंद हो गये हैं। इसके परिणाम में वर्तमान प्रेस क्‍लब के अध्‍यक्ष अवनीश दीक्षित के खिलाफ स्‍थानीय बाबूपुरवा थाने में एफआईआर तक दर्ज हो गयी है।

नई दुनिया से आनंद पांडेय का इस्तीफा, उज्जवल त्रिवेदी और सरोज अवस्थी की नई पारी

छत्तीसगढ़ से खबर आ रही है कि नई दुनिया के एडिटर आनंद पांडेय ने इस्तीफा दे दिया है. उनकी जगह आलोक मिश्र को बतौर स्टेट हेड नियुक्त किया गया है. उधर, सूचना है कि उज्जवल त्रिवेदी ने यूसी न्यूज इंडिया के एंटरटेनमेंट हेड के रूप में नई पारी की शुरुआत की है. अलीबाबा ग्रुप के इस वेंचर में उज्जवल बालीवुड फिल्म्स, टीवी शोज और सेलीब्रेटीज से कंटेंट टाइअप का काम देखेंगे. उज्ज्वल त्रिवेदी इससे पहले 92.7 big fm में Associate Creative Director के पद पर कार्यरत थे.

वित्त मंत्रालय की फाइनेंसियल इंटेलीजेंस यूनिट ने अखबार को नोटिस भेज धमकाया

द संडे गार्जियन अखबार में डिप्टी ब्यूरो चीफ अभिनंदन मिश्रा ने वित्त मंत्रालय की फाइनेंसियल इनटेलीजेंस यूनिट (एफआईयू) पर एक खबर क्या लिख दी, इस यूनिट वालों ने अखबार को नोटिस भेजकर न सिर्फ धमकाया है बल्कि रिपोर्टर के खिलाफ सख्त कार्रवाई करके अवगत कराने का भी आदेश दे डाला है.

कोर्ट ने दैनिक जागरण को लगाई फटकार, रोज होगी मजीठिया की सुनवाई

कानपुर से मजीठिया वेज बोर्ड की लड़ाई लड़ रहे मीडियाकर्मियों के लिए एक अच्छी खबर आ रही है. आज कानपुर लेबर कोर्ट ने दैनिक जागरण समूह की कंपनी जागरण प्रकाशन लिमिटेड को कड़ी फटकार लगाई. आज मजीठिया वेज बोर्ड मामले की सुनवाई थी. सुनवाई के दौरान जब जागरण प्रकाशन का नंबर आया तो जागरण प्रकाशन की तरफ से कोई मौजूद नहीं था. वकील ने कोर्ट से अगली तारीख देने की अप्लीकेशन लगा दी.

इस संजय गुप्ता को सुप्रीम कोर्ट की बात न मानने पर हुई दस दिन की जेल, एक करोड़ 32 लाख रुपये जुर्माना भी भरना होगा

ये संजय गुप्ता एक मिल मालिक हैं. इनका भी काम  कोर्ट को गुमराह करना हो गया था. सो, इस संजय गुप्ता को सुप्रीम कोर्ट ने दस दिन की जेल और एक करोड़ 32 लाख रुपये का जुर्माना लगाकर दिमाग ठिकाने पर ला दिया. इस फैसले से पता चलता है कि कोई भी अगर माननीय सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन नहीं करेगा और अदालत को गुमराह करते पाया गया तो उसे एक लाख रुपये प्रतिमाह का जुर्माना और दस दिन की जेल होगी. सोमवार को शीर्ष अदालत ने संजय गुप्ता नामक एक मिल मालिक को 10 दिन की कैद के साथ-साथ एक करोड़ 32 लाख रुपये का जुमार्ना सुनाया है.

‘नेशन लाइव’ न्यूज चैनल के नाम पर ठगी का धंधा जोरों पर, कइयों के पैसे फंसे

Avnish Jain : राजेश तिवारी, जो ठीक से चल भी नहीं सकते हैं, दिव्यांग हैं, को पत्रकार बनाने के सपने दिखाये. चैनल डिपोजिट के नाम पर 10,000 लिए. ऊंचे सपने दिखाये. मगर Nation live के बंटी और बबली ने सारी मानव संवेदना को ताक पर रखकर एक दिव्यांग के साथ ठगी कर ली. 10,000 मे सिर्फ एक identity card दिया गया. हद कर दी दानवता की. ऐसे लोगों को सख्त से सख्त सजा मिलनी चाहिए.

जी एमपी-सीजी के एसाइनमेंट हेड प्रदीप परिहार का इस्तीफा

जी मप्र और छग के एसाइनमेंट हेड प्रदीप परिहार ने इस्तीफा दे दिया है. बताया जा रहा है वे किसी बड़े समूह के साथ जल्द ही अपनी पारी की शुरुआत करने जा रहे हैं. प्रदीप करीब तीन सालों से जी मीडिया के साथ जुडे हुए थे. इसके पहले वे ANI के साथ काम कर चुके हैं.

अमर उजाला से इस्तीफा देकर दैनिक भास्कर में स्पेशल करेस्पांडेंट बने अमित निरंजन

अमित निरंजन ने अमर उजाला, नोएडा से इस्तीफा देकर दैनिक भास्कर, दिल्ली ज्वाइन कर लिया है. भास्कर में अमित स्पेशल करेस्पांडेंट बनाए गए हैं. अमित निरंजन ने अमर उजाला में सबसे पहले आरटीआई विंग बनाई थी और यह प्रयोग काफी सफल रहा. उन्हें भास्कर में भी आरटीआई विंग की जिम्मेदारी दी गई है.

फर्जी ब्रांड ikall से सावधान… खराब प्रोडक्ट्स भेजकर ग्राहकों से कर रही है ठगी

इंडियन कम्पनी iball से मिलते जुलते नाम वाली एक कम्पनी ikall ऑनलाइन मार्केट के जरिये लोगों से ठगी कर रही है। आपको बता दें कि यह कम्पनी दूसरे कॉमन प्रोडक्ट्स को अपना बताकर यानी पैकेजिंग में ikall वाला हॉलमार्क लगाकर कई गुना दामों पर बेच रही है। इसके लिए यह homeshop18 और इस जैसी अन्य ऑनलाइन सेलिंग वेबसाइट्स की मदद ले रही है।

अमिताभ बच्चन संग फोटो खिंचाने को उत्सुक सहारा के संपादक मनोज मनु का ये वीडियो हुआ वायरल

सहारा मीडिया के वरिष्ठ अधिकारी मनोज मनु का एक वीडियो इन दिनों वायरल हो रहा है…इस वीडियो में वो अमिताभ बच्चन के साथ फोटो खिंचवाने के लिए इशारा कर रहे हैं …आप भी देखिए ”तू खींच मेरा फोटो” वाला मनोज मनु का ये अंदाज… वैसे ये सबको पता है कि सहारा में मनोज मनु के …

जी समूह में कुछ नए बदलाव : जी बिहार-झारखंड के हेड पुरुषोत्तम वैष्णव को उड़ीसा और पश्चिम बंगाल के चैनलों की भी जिम्मेदारी

जी न्यूज में उठापटक थम नहीं रहा है. पिछले दिनों जी एमपी सीजी के हेड दिलीप तिवारी को जी यूपी यूके का अतिरिक्त प्रभार दिया गया तो अब जी बिहार झारखंड का हेड पुरुषोत्तम वैष्णव को बनाया गया है और इन्हें ही जी उड़ीसा और जी वेस्ट बंगाल की अतिरिक्त जिम्मेदारी दी गई है.

दैनिक जागरण बनारस के संपादक आलोक मिश्रा बने नई दुनिया छत्तीसगढ़ के प्रभारी

बनारस से खबर है कि आलोक मिश्रा को बड़ी जिम्मेदारी दी गई है. जागरण प्रबंधन ने उन्हें नई दुनिया अखबार का छत्तीसगढ़ का हेड बनाकर भेजा है. बनारस में अभी तक कोई नया संपादक नहीं आया है. मदन सिंह और जय प्रकाश पांडेय की आउटपुट-इनपुट वाली जोड़ी मिलकर अखबार निकाल रही है. आलोक मिश्रा तेजतर्रार पत्रकार हैं और जागरण के साथ लंबे समय से जुड़े हुए हैं. वह बिहार-झारखंड में भी कई बरस तक जागरण की सेवा कर चुके हैं.

‘सूर्या समाचार’ आने से पहले ही विवादों में फंसा, चैनल हेड सय्यदैन जैदी ने दिया इस्तीफा

आजकल लाला लोग जब चैनल लाने की ठानते हैं तो इसे भी बनिया वाली स्टाइल में चलाने लगते हैं. नतीजा ये होता है कि बेचारे मीडियाकर्मी न पत्रकार बन पाते हैं और न ही गुलाम. वे दुविधा में मारे जाते हैं. प्रिया गोल्ड बिस्किट वालों की तीन पीढियां इन दिनों ‘सूर्या समाचार’ को लांच करने-कराने में व्यस्त है. दादा से लेकर बेटा और नाती तक चैनल को हिट कराने के लिए जी जान से जुटे हैं लेकिन बेचारे हिट विकेट हुए जा रहे हैं.

कानपुर के पत्रकार द्वय अवनीश दीक्षित और राहुल बाजपेयी के खिलाफ छेड़छाड़ का मुकदमा दर्ज

कानपुर प्रेस क्लब पर बेईमानी से कब्जा कर अध्यक्ष बनने वाले अवनीश दीक्षित ने पत्रकारिता के साथ-साथ सामाजिक दायरे में भी कलंकित करने वाला कार्य किया है। उन पर आरोप है कि बाबूपुरवा मोहल्ले के निवासी राहुल सिंह की पत्नी उर्मिला सिंह के साथ छेड़खानी की। कहा जा रहा है कि उनके साथ इंडिया टीवी का पत्रकार राहुल बाजपेयी भी था। 3 महीने तक पीड़ित महिला मुकदमा कराने का प्रयास करती रही लेकिन अवनीश ने मुकदमा होने नहीं दिया। फिर भी महिला ने हार नहीं मानी। अब जाकर उसका मुकदमा अवनीश व राहुल बाजपेयी के खिलाफ धारा 354, 147, 504 व् 506 के तहत थाना बाबूपुरवा में दर्ज कर लिया गया। वहीं कुछ लोगों का कहना है कि ये मुकदमा पत्रकारों के आपसी विवाद के चलते लिखाया गया है।

चर्चित मजीठिया क्रांतिकारी शशिकांत सिंह को एनयूजे (महाराष्ट्र) ने बनाया मजीठिया सेल का समन्यवयक

(शशिकांत सिंह)

दो कद्दावर मजीठिया क्रांतिकारियों ने महाराष्ट्र के मीडिया कर्मियों को उनका अधिकार दिलाने के लिए हाथ मिलाया है। देश के जाने माने मजीठिया क्रांतिकारी शशिकांत सिंह को नेशनल यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट के अध्यक्ष डॉ उदय जोशी और महाराष्ट्र की जनरल सेक्रेटरी शीतल करदेकर ने महाराष्ट्र का मजीठिया सेल का समन्यवक बनाया है। शीतल करदेकर महाराष्ट्र सरकार द्वारा बनाई गई जस्टिस मजीठिया वेज बोर्ड की त्रिपक्षीय कमेटी में भी मीडिया कर्मियों का प्रतिनिधित्व कर रही हैं।

पठानिया जी का अंतिम संदेश- ”जिंदगी बहुत खूबसूरत है, लेकिन अपनों के बिना तू अच्छी नहीं लगती”

भला ऐसे भी कोई जाता है… : जिंदगी बहुत खूबसूरत है, लेकिन अपनों के बिना तू अच्छी नहीं लगती। मेरे व्हाट्सएप पर वरिष्ठ पत्रकार पठानिया जी का अंतिम संदेश यही था। पत्रकारिता में अपना जीवन खपा देने वाले बड़े भाई समान मित्र राकेश पठानिया अंतिम समय में मुझे याद करते रहे। (जैसा पारिवारिक सदस्यों ने आज अल सुबह बताया)। पता नहीं दोस्ती के कई कर्ज चुकाने बाकी रह गए।

नहीं रहे धर्मशाला के वरिष्ठ पत्रकार राकेश पठानिया

(स्व. राकेश पठानिया)

एक कलमकार की मौत और सौ सवाल : कहने को तो अब हिमाचल प्रदेश का शहर धर्मशाला प्रदेश की दूसरी राजधानी है और स्मार्ट सीटी भी बनने जा रही है, मगर आज से दो दशक पहले भी धर्मशाला की प्रदेश की राजनीति में काफी अहमियत थी। तब की पत्रकारिता आज के दौर से कहीं अलग और काफी मुश्किल भरा टास्क थी। कुछ गिनी चुनीं अखबारें प्रदेश के बाहर से छपकर आती थीं और इनके पत्रकारों के तौर पर घाघ लोगों का कब्जा था। किसी नए खबरनवीस के लिए अखबार में जगह तलाशना कोयले के खान में हीरा तलाशने जैसा मुश्किल काम था। सीनियर भी ऐसे थे, जो उस समय के दौर में मिलने वाली तबज्जों और आवभगत के चलते किसी को करीब फटकने नहीं देते थे, और शागिर्द की बात करें तो ऐसा सांप सूंघ जाता था कि मानो वह एकलव्य बनकर उनके लक्ष्य को भेदने को तैयार हो।

मजीठिया : पत्रिका को पत्रकार जितेंद्र जाट का तमाचा, लेबर कोर्ट में जीते टर्मिनेशन का केस

कल 10 जुलाई यानि सावन के पहले सोमवार को एक शुभ समाचार आया। पत्रिका अखबार के मालिक गुलाब कोठारी और उनके ख़ास सिपहसालारों की हार की शुरुआत हो गई है। पत्रिका के मालिकों के खिलाफ जब कर्मचारियों ने सुप्रीम कोर्ट में अवमानना के केस लगाये तो पत्रिका प्रबन्धन ने संबंधित कर्मचारियों को टर्मिनेट-ट्रान्सफर करना शुरू कर दिया। टर्मिनेशन-ट्रान्सफर के खिलाफ कर्मचारी लेबर कोर्ट गए।

दिल्ली में लाइट गई तो बिजली कंपनियां देंगी जनता को जुर्माना

Sheetal P Singh : दिल्ली में बिजली कंपनियों पर जुर्माना लगेगा! दिल्ली में दो घंटे तक लगातार बिजली कटौती की स्थिति में संबंधित बिजली कंपनी पर भुक्तभोगी उपभोक्ता के अकाउंट में दस रुपये प्रति किलोवॉट आवर (rs 10 KWH) जमा करने का जुरमाना लगेगा। यह नियम अब लागू हो रहा है। सारी बाधाएँ दूर हो …

रमन सिंह ने रायपुर से दैनिक भास्‍कर का डेरा-डंडा उखाड़ने का आदेश दिया!

दैनिक भास्‍कर, रायपुर को 1985 में कांग्रेस द्वारा प्रेस लगाने के लिए (अविभाजित मध्‍य प्रदेश में) पट्टे पर दी गई ज़मीन को छत्‍तीसगढ़ प्रशासन ने शुक्रवार 7 जुलाई के एक शासनादेश के माध्‍यम से रद्द कर के उस पर प्रशासनिक कब्‍ज़े का आदेश दे दिया है। ज़मीन का कुल आकार 45725 वर्गफुट और अतिरिक्‍त 9212 वर्ग फुट है यानी कुल करीब 5000 वर्ग मीटर है। नजूल की यह ज़मीन रायपुर भास्‍कर को प्रेस लगाने के लिए इस शर्त पर कांग्रेस शासन द्वारा दी गई थी कि संस्‍थान अगर प्रेस लगाने के विशिष्‍ट प्रयोजन से मिली ज़मीन को किसी और प्रयोजन के लिए इस्‍तेमाल करेगा तो शासन उसे वापस ले लेगा। इस ज़मीन का पट्टा 31 मार्च 2015 को समाप्‍त हो चुका था और दैनिक भास्‍कर ने इसके नवीनीकरण के लिए अग्रिम आवेदन किया था।

70 साल बाद सामने आ सका जयपाल सिंह मुंडा का लेखन

झारखंड आंदोलन के सर्वोच्च नेता जयपाल सिंह मुंडा के दुर्लभ लेखों का संकलन 70 साल बाद प्रकाशित हुआ है। ‘आदिवासिडम’ शीर्षक से आई इस अंग्रेजी पुस्तक में जयपाल सिंह मुंडा के 25 मूल लेख और भाषण शामिल हैं। झारखंड आंदोलन के दौरान 40-50 के दशक में लिखे और छपे इन लेखों व भाषणों का संकलन और संपादन आदिवासी मामलों के लेखक और संस्कृतिकर्मी अश्विनी कुमार पंकज ने किया है। 160 पृष्ठों की इस पुस्तक को प्यारा केरकेट्टा फाउंडेशन, रांची ने प्रकाशित किया है। 

दिल्ली में रोज तीन हजार से ज्यादा मोबाइल फोन चोरी होते हैं या खो जाते हैं!

दिल्ली में रोजाना तीन हजार से ज्यादा मोबाइल फोन चोरी या खो जाते है। इस साल 30 जून तक ही 5,88,237 मोबाइल चोरी या खो जाने के मामले दर्ज हुए हैं। यह चौंकाने वाला खुलासा है क्योंकि पिछले साल 30 जून तक करीब 25 हजार मोबाइल फोन ही चोरी या खो जाने के मामले दर्ज हुए थे। साढ़े तीन साल में मोबाइल चोरी या खोने के लगभग 11 लाख मामले दर्ज हुए है। इनमें से करीब साढ़े 9 लाख मामले तो पिछले डेढ़ साल के ही है।

मजीठिया पर ताजे फैसले के बाद मीडियाकर्मियों के पक्ष में शुरू हुआ एक्शन, मालिकों और प्यादों के चेहरे सूखे

हाल में माननीय सुप्रीम कोर्ट ने मजीठिया मामले को लेकर जो आदेश सुनाया, उसने अख़बार मालिकानों की जान हलक में अटका दी है। अब हर मालिकान अपने प्यादों को इस काम में लगा रखा है कि कहीं से भी राहत ढूंढ के लाओ। वैसे तो कमोवेश देश के सभी अखबार मालिकान इस बात को मान चुके हैं कि आये इस आदेश ने उन्हें कहीं का नहीं छोड़ा है। मालिकों के पालतू, जो हर यूनिट में 4 या 5 होते हैं और पूरे ग्रुप में 1 या 2, ने कुछ साल पहले मालिकानों को जो आइडिया दिया था ठेके पर वर्कर रखने का, वह भी अब किसी काम का साबित नहीं हुआ।आये फैसले ने सभी को पैसा लेने का हकदार बना दिया और इन पालतुओं की सारी कवायद धरी रह गयी।

‘जेडी’ का पोस्टर रिलीज, मीडिया के भीतर के स्याह-सफेद से पर्दा हटाएगी ये फिल्म

हर पल दुनिया का हाल बताने वाले मीडिया के अंदर की खबरें आम लोगों तक नहीं पहुंचती। ‘जेडी’ मीडिया की चारदीवारी के भीतर की ब्रेकिंग न्यूज है। आदर्शों और सच के लिए लड़ने वाले पत्रकार खुद अपने हक की लड़ाई लड़ने में कितने बेबस होते हैं, इसे खुद मीडिया वाले भी महसूस करते हैं। मीडिया की ताकत चंद मुट्ठी भर लोगों की कैद में है और उनके चेहरों पर नकली मुखौटे हैं। हर ताकतवर सत्ता पहले डराती है, फिर ललचाती है और अंत में बदनाम करने वाले षड्यंत्रों के कुचक्रों में कुचल देती है।

‘मॉम’ फिल्म में मर्डर करने के नए तरीके का प्रशिक्षण!

Yashwant Singh :’मॉम’ फिल्म देखते हुए मर्डर करने के नए तरीके के बारे में अपन को जो जबरदस्त ट्रेनिंग मिली है, वह इस प्रकार है- दस किलो सेब खरीदें. इन्हें बीच से काट लें. फिर इनके भीतर से सारे बीज निकाल लें. इन बीजों को बारीक पीस लें. फिर इसे आटा या दलिया या किसी भी खाने के सामान में मिला कर परोस दें. काम तमाम हो जाएगा.

राहुल सिंह शेखावत ने ईटीवी छोड़ा, ज्ञानदीप जागरण से जुड़े, यूपी में कई सूचना अधिकारियों का तबादला

उत्तराखंड में टेलीविजन पत्रकार राहुल सिंह शेखावत ने ई टीवी छोड़कर हिंदी खबर बतौर एडिटर ज्वाइन कर लिया है। उन्होंने स्पेशल कोरेस्पोंडेंट के रूप में  दिसम्बर 2015 में ई टीवी के साथ देहरादून में अपनी दूसरी पारी शुरू की थी। जबकि इसके पहले भी राहुल 2003 से 2012 के दौरान  ई टीवी में रिपोर्टर रहे थे। जिसके बाद उन्होंने जून 2012 में लांचिंग के वक्त बतौर डिप्टी ब्यूरो चीफ समाचार प्लस न्यूज़ देहरादून में ज्वाईन किया था और जुलाई 2015 तक उसका हिस्सा रहे थे। यानि लांचिंग टीम का हिस्सा रहते ईटीवी और समाचार प्लस को उत्तराखंड में स्थापित करने में अहम् योगदान करने के बाद, अब  उनके सामने हिंदी खबर को खड़ा करने की चुनौती होगी।  बतौर संपादक राहुल हिंदी खबर के एडिटर इन चीफ अतुल अग्रवाल को रिपोर्ट करेंगे।  आपको बता दें कि निस्पक्ष और जनसरोकारी पत्रकारिता के लिए राहुल सिंह शेखावत कई अवार्ड से सम्मानित हुए। उन्हें 2010 में उत्तराखंड मीडिया सिग्नेचर अवार्ड, 2014 में यूथ आइकॉन नेशनल मीडिया अवार्ड और 2016 में इलेक्ट्रॉनिक मीडिया श्रेणी में उमेश डोभाल ट्रस्ट  अवार्ड से सम्मानित किया गया था।

हिंदुस्तान हल्द्वानी से गणेश पहुंचे जागरण, एनई बनाकर राजीव को भेजा गया नोएडा

(राजीव की विदाई पार्टी का दृश्य)

हल्द्वानी। हिंदुस्तान हल्द्वानी की यूनिट में खलबली मची हुई है। 2 महीने के भीतर तीसरे रिपोर्टर ने अखबार को अलविदा कहा है। हल्द्वानी यूनिट में रिपोर्टर गणेश पांडेय ने नई पारी हल्द्वानी में ही जागरण के साथ शुरू की है। पहले ही दिन गणेश ने बाइलाइन स्टोरी से जबर्दस्त आगाज़ किया है।

‘रिपब्लिक टीवी’ की महिला पत्रकार से तेजस्वी बोले- ‘मोदी से 15 लाख वाले सूट पर सवाल पूछ कर दिखाओ’

बिहार के डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने मोदी परस्त न्यूज चैनल रिपब्लिक टीवी की महिला पत्रकार को प्रेस कॉन्फ्रेंस से बाहर जाने को कह दिया… लालू यादव ने महिला पत्रकार से कहा कि उसे तो यहां इनवाइनट नहीं किया गया था, तो फिर वह क्यों आई है? राष्ट्रीय जनता दल के प्रमुख लालू प्रसाद के आवास पर सीबीआई की छापेमारी को कवर करने पहुंचे रिपब्लिक टीवी की महिला पत्रकार से लालू समर्थकों की झड़प हो गई. दरअसल शुक्रवार को रांची कोर्ट में पेश होने के बाद लालू पटना पहुंचे, जहां अपने आवास पर उन्होंने प्रेस कान्फ्रेंस किया.

पत्रकार से शिक्षिका बनीं डा. शोभना ने बीएचयू के प्रोफेसर कुमार पंकज के खिलाफ दर्ज कराया मुकदमा

बनारस हिंदू विश्‍वविद्यालय के कला संकाय के डीन, पत्रकारिता विभाग के प्रभारी और हिंदी के वरिष्‍ठ अध्‍यापक डॉ. कुमार पंकज के खिलाफ़ शनिवार की दोपहर बनारस के लंका थाने में एक दलित शिक्षिका ने एफआईआर दर्ज करा दी. दलित शिक्षिका का नाम डॉ. शोभना नर्लिकर हैं जो पत्रकारिता विभाग की रीडर हैं. वे 15 साल से यहां पढ़ा रही हैं. डॉ. शोभना पत्रकारिता शिक्षण में आने से पहले पांच वर्ष तक लोकमत समाचार और आइबीएन में बतौर पत्रकार काम कर चुकी हैं.  

एमपी-सीजी के चैनल हेड दिलीप तिवारी को ‘ज़ी यूपी-उत्तराखंड’ का अतिरिक्त प्रभार

जी ग्रुप के ने लांच होने वाले चैनल ‘जी यूपी उत्तराखण्ड’ की ज़िम्मेदारी दिलीप तिवारी को दी गयी है। दिलीप ‘जी एमपी सीजी’ के चैनल हेड हैं। ऐसा शायद पहली बार है जब एमपी सीजी के रीजनल चैनल के हेड को यूपी उत्तराखंड के रीजनल चैनल का भी प्रभार दिया गया हो।

नेशनल चैनल ‘जी हिंदुस्तान’ पर अब ज्यादा फोकस करेंगे जगदीश चंद्र

जी ग्रुप के रीजनल चैनल्स के CEO और एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर जगदीश चन्द्र , जिनके पास 9 चैनल्स का चार्ज है , अब केवल तीन चैनल्स पर अपना फोकस रखेंगे. उन्होंने प्रबंधन से अनुरोध किया है कि वे अगले एक साल तक हाल ही में लांच किये गए नेशनल न्यूज़ चैनल ” ZEE Hindustan” पर फोकस करना चाहते हैं .. जानकार सूत्रों के अनुसार जी चेयरमैन डॉ सुभाष चंद्रा ने जगदीश चन्द्र के इस प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया हैं और इस के आदेश भी जारी कर दिए गए हैं … 

मोदी राज में सैनेटरी नैपकिन को लक्ज़री मानते हुए इस पर 18% टैक्स थोप दिया गया!

Deepali Tayday : जिस देश में सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं के लिए निहायती मानवीय ज़रूरत अदद टॉयलेट्स तक अवेलेबल नहीं हो पाते, जबकि हर कुछ दूरी में लड़कों के लिए ऐसी व्यवस्था है, नहीं भी है तो भी यूरिन करने के लिए पूरा जहान खुला है। महिलाएँ इसी डर में बाहर जाने पर पानी नहीं पीती और कितनी तरह की प्रॉब्लम्स झेलती हैं। हाँ, यहाँ हर गली, नुक्कड़-चौराहों पर मंदिर जरूर मिल जाएंगे। इंसानों की क़ीमत नहीं, पत्थरों की जरूर है। ऐसे देश में सैनेटरी नैपकिन को लक्ज़री मानने और 18% टैक्स लगाने पर मुझे कोई आश्चर्य नहीं हो रहा।

दिलीप मंडल टीआरपी खोर हैं, पहले खुद आईडी डिएक्टिवेट किया, फिर हल्ला मचाया- ”फेसबुक ने ब्लाक कर दिया!”

Ashish Maharshi : इंडिया टुडे में अपनी घटिया पत्रकारिता के जरिए बदनाम हो चुके दिलीप मंडल इनदिनों फेसबुक के निशाने पर हैं। मंडल जी जिस नेशनल दस्तक नामक एक वेबसाइट के लिए पैसे लेकर ज्ञान पेलते हैं, उसे फेसबुक ने ब्लॉक कर दिया है। नेशनल दस्तक पर लगातार ये आरोप लगता रहा है कि ये साइट दूसरे का कंटेंट चोरी करके यूज करती है। इसके अलावा समाज में नफरत फैलाने का भी दिलीप मंडल और नेशनल दस्तक पर आरोप लगता रहा है।

दैनिक जागरण, कानपुर का एक वरिष्ठ अधिकारी सड़क पर घूम-घूम कर गाड़ियां चेक कर रहा!

A senior official of dainik jagran Kanpur is checking vehicles

A senior high rank official posted in Dainik jagran head office Kanpur now a days on an extra duty. He has self pro claimed FLYING SQUAD,  who stop four wheelers on roads, if DAINIK JAGRAN Sticker is pasted on vehicle wind screens. Actually, he want to prove himself as most loyal employee to Dainik jagran prakashan owners. On Saturday, he stopped a commercial Ola cab. He overtook cab on mall road in such a way that cab escaped from a major accident.

अगर कारपोरेट कंपनियों में काम करते हैं और खुद को गुलाम-स्लेव्स नहीं मानते तो इसे पढ़िए!

Narendra Nath : टेक महिंद्रा से जुड़े एक टेककर्मी को एचआर से फोन आता है। उसकी बात कुछ इस तरह होती है…

एचआर-हेलो, आप कल दस बजे तक रिजाइन कर दें।
स्टॉफ-क्या?? क्यों? इतनी जल्दी कैसे होगा। टूटे हुए व्यक्ति की आवाज साफ सुनी जा सकती है।

मुख्य सचिव रहते राहुल भटनागर ने सहयोगी अफसरों को बदनाम किया, कुर्सी बचाने को किए घिनौने कृत्य!

राहुल भटनागर पर आरोप है कि मुख्य सचिव रहते हुए उन्होंने न सिर्फ अपने सहयोगी अफसरों को बदनाम किया बल्कि अपनी कुर्सी बचाए रखने के लिए हर किस्म के घिनौने हथकंडे अपनाए. उदाहरण के तौर पर गोमती रिवर फ्रन्ट परियोजना के सम्बन्ध में जानबूझकर राहुल भटनागर ने अपने सहयोगी अधिकारियों को बदनाम करने की नीयत से अनियमित कार्यवाही की… कुछ प्वाइंट्स देखें…

एपीएन और समाचार प्लस समेत 13 चैनलों को टाटा स्काई ने भेजा नोटिस, तीन हफ्ते का अल्टीमेटम

टाटा स्काई वालों ने इंडियन एक्सप्रेस में 13 चैनलों की एक लिस्ट छपवाई है. इन चैनलों पर आरोप लगाया है कि इन्होंने ब्रीच आफ कांट्रैक्ट किया है यानि आपसी समझौते की शर्तों का उल्लंघन किया है.

मजीठिया पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले से बौखलाए अखबार मालिकों ने सैकड़ों लोगों को नौकरी से बाहर निकाला

लोकमत प्रबंधन ने अपने 186 कर्मचारियों को बाहर का रास्ता दिखाया… मजीठिया वेज बोर्ड का भूत डराता रहेगा अखबार मालिकों को…  पिछले दिनों मजीठिया वेज बोर्ड की सुनवाई का जब फैसला आया, तब सारे अख़बार मालिकानों ने अपने दफ्तरों में यही खबर फैलाया कि जिन लोगों ने कोर्ट में अवमानना का केस डाला था, वे हार गए। हम यानी अखबार मालिकान जीत गए। फैसला 19 जून को आया था। अब कुछ समय बीत गया है और ज्यों ज्यों समय बीतता जा रहा है, मालिकानों की ख़ुशी गम में बदल रही है। उनके सामने अब बड़ी मुसीबत यह है कि कैसे लड़ाकू वर्करों के अगले कदम का मुकाबला किया जाये और कैसे अंदर बैठे यानी काम करने वाले वर्कर की देनदारी का रास्ता खत्म किया जाये।

चर्चित मैग्जीन ‘इकनामिक एंड पोलिटिकल वीकली’ को गौतम अडानी की तरफ से भिजवाया गया लीगल नोटिस

इकनॉमिक एंड पॉलिटिकल वीकली यानि ईपीडब्ल्यू मैग्जीन के संपादक जाने माने पत्रकार परंजय गुहा ठाकुरता हैं. ईपीडब्ल्यू पत्रिका में 17 जून के अंक में एक स्‍टोरी केंद्र सरकार के वाणिज्‍य और उद्योग मंत्रालय के खिलाफ छपी. इसमें मंत्रालय द्वारा नियम कायदे बदलकर अडानी समूह को फायदा पहुंचाने के बारे में विस्तार से बताया गया.

यूनियन बैंक ने बसपा के नोटबंदी के बाद जमा राशि की सूचना देने से मना किया

यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया ने 08 नवम्बर 2016 को नोटबंदी के आदेश के बाद बहुजन समाज पार्टी (बसपा) द्वारा बैंक की करोलबाग शाखा में जमा की गयी धनराशि से जुड़े अभिलेख देने से मना कर दिया है. एक्टिविस्ट डॉ नूतन ठाकुर द्वारा आरटीआई में मांगी गयी जानकारी पर बैंक ने कहा कि यह वाणिज्यिक विश्वास से जुड़ा मामला है जिसका किसी लोक हित तथा लोक कार्य से कोई सम्बन्ध नहीं है. उन्होंने यह कहते हुए इसके खिलाफ अपील किया है कि बसपा कोई वाणिज्यिक संगठन नहीं बल्कि एक राजनैतिक पार्टी है, अतः उसके कार्यों को वाणिज्यिक गतिविधि नहीं कहा जा सकता और इनका जनहित से सीधा संबंध है. बसपा ने  08 नवम्बर को नोटबंदी के बाद इस बैंक में 104 करोड़ रुपये जमा कराये थे. 

मुसलमानों के इस छोटे वाले आसाराम बापू से मिलिए!

Shamshad Elahee Shams : इस बकरमुंह से मिलिए. नाम है इसका हाजी सादिक. उम्र ८१ साल. ये मुसलमानों का छोटा वाला आसाराम बापू है.

इंग्लैण्ड में कार्डिफ मस्जिद का इमाम भी रहा है और कुरआन पढ़ाने का पेशा भी करता था. १३ साल से कम उम्र की ४ बच्चियों के यौन शोषण के मामले में इसे १३ बरस की जेल हुई है. पश्चिम में अक्सर इसाई मुल्लेह, बाल यौन शोषण की ख़बरों में सुर्खियाँ बनाते हैं. ऐसा इसलिए है कि पश्चिमी समाज में वह सामाजिक दिक्कते नहीं कि पीड़ित अपने दुःख को छिपा जाए.

महिला एंकर ने घूंघट ओढ़े डिबेट शो की शुरुआत कर हरियाणा सरकार की तुच्छ मानसिकता को मारा तमाचा (देखें तस्वीरें और वीडियो)

आपने तरह-तरह के लाईव शो, डिबेट, बुलेटिन देखा होगा. लेकिन यदि आप अपना टीवी सेट आन करते हैं और सामने टीवी की एंकर घूंघट कर लाईव डिबेट करती नजर आए तो आप जरुर चौंक जाएंगे. ऐसा ही कुछ हुआ STV HARYANA NEWS में. हरियाणा के इस रीजनल न्यूज चैनल की एग्जीक्यूटिव एडिटर और एंकर प्रतिमा दत्ता ने लाईव शो की शुरुआत घूंघट ओढ़कर की.

मजीठिया पर नए कोर्ट आर्डर के बाद लोकमत प्रबंधन ने 2400 मीडियाकर्मियों का कांट्रेक्ट रिनुअल लटकाया

मजीठिया वेज बोर्ड पर सुप्रीम कोर्ट के नए आदेश के बाद महाराष्ट्र में सबसे बड़ा झटका लोकमत अखबार को लगा है। सूत्रों के मुताबिक महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा लोकमत समूह में ठेका कर्मचारी हैं। सुप्रीम कोर्ट ने अपने 19 जून 2017 के आदेश में साफ कर दिया है कि ठेका कर्मचारियों को भी मजीठिया वेज बोर्ड का लाभ मिलेगा। अब लोकमत प्रबंधन सुप्रीम कोर्ट के इस आदेश के बाद सबसे ज्यादा सांसत में फंस गया है।

‘नेशनल वायस’ से जुड़े रंजीत कुमार और उन्मुक्त मिश्रा, आफिस लखनऊ शिफ्ट करने की तैयारी

ब्रजेश मिश्रा द्वारा हाथ खींच लेने के बाद गुमनाम हो चुके ‘नेशनल वायस’ चैनल के साथ रंजीत कुमार और उन्मुक्त मिश्रा ने नई पारी की शुरुआत की है. रंजीत पहले न्यूज़ नेशन में थे. उनके हाथों न्यूज़ नेशन के यूपी रीजनल चैनल की कमान हुआ करती थी. कुछ आरोपों और प्रबंधन से मनमुटाव के कारण उन्हें वहां से हटना पड़ा था. बताया जाता है कि नेशनल वायस चैनल में रंजीत ने सीईओ के रूप में ज्वाइन किया है.

नरेंद्र पाल सिंह, रघुवीर सिंह चौहान, अब्बास हैदर और मनोज बिसारिया वेब न्यूज चैनल से जुड़े

नोएडा के सेक्टर-63 में एक नया वेब चैनल दस्तक देने जा रहा है. नाम है- ‘TV news’ चैनल. इस तक Tvnews.news के जरिए पहुंचा जा सकता है. कई दशक से पत्रकारिता में सक्रिय वरिष्ठ पत्रकार नरेन्द्र पाल सिंह को सम्पादकीय ज़िम्मेदारी सौंपी गयी है. दैनिक जागरण और अमर उजाला जैसे कई बड़े संस्थानों में अपनी सेवाएं दे चुके वरिष्ठ पत्रकार एवं कला समीक्षक रघुवीर सिंह चौहान को कंटेंट एडिटर बनाया गया है.

शादीशुदा यह लड़की प्रेमी संग भागी तो मचा बवाल, बाप के सिर पर खून सवार (देखें वीडियो)

पहले भी एक बेटी को प्रेम करने पर मौत के घाट उतार चुका है क्रूर पिता…
आगरा में एक शादीशुदा युवती अपने प्रेमी के साथ क्या भाग गई, बवाल मच गया है. शादीशुदा युवती अपने प्रेमी के साथ मुंबई भाग कर वहां मंदिर में प्रेम विवाह कर लिया. बाह थाना क्षेत्र के रहने वाले प्रेमी प्रेमिका तकरीबन चार महीने पहले घर से भागे थे. युवती के परिजनों ने थाने में रिपोर्ट दर्ज करा दी. आगरा पुलिस ने मुंबई पुलिस की मदद से दोनों को पकड़ा और आगरा लाई. प्रेमिका को पुलिस ने अनाथाश्रम में भेज दिया.

मोदी सरकार ने रियल एस्टेट उद्योग को सबसे बुरे दिनों के दर्शन करा दिए!

Ashwini Kumar Srivastava : अच्छे दिन लाने के नाम पर आई मोदी सरकार ने देश के साथ क्या सुलूक किया है, यह तो पता नहीं लेकिन कम से कम रियल एस्टेट उद्योग को तो जरूर ही उन्होंने मनमोहन सरकार के 10 बरसों के स्वर्णिम दौर से घसीट कर सबसे बुरे दिनों के दर्शन करा दिए हैं। पहले तो सरकार में आते ही काले धन के खिलाफ अभियान छेड़ने की धुन में न जाने कितने सनकी कानून बनाये या पुराने कानून के तहत ही नोटिस भेज-भेज कर देशभर को डराया….फिर बेनामी सम्पति कानून का ऐसा हव्वा खड़ा किया कि शरीफ आदमी भी दूसरा फ्लैट/मकान या प्लॉट लेने से कतराने लगा। ताकि कहीं उसकी किसी सम्पति को बेनामी करार देकर खुद सरकार ही न हड़प ले।

दिव्यांगों के लिए ‘दिव्यांग दर्पण’ नामक पत्रिका का लोकार्पण

आगरा । कुंवर प्रताप सिंह सिसोदिया (एडवोकेट – इलाहाबाद हाईकोर्ट) के सम्पादन-प्रकाशन में ‘दिव्यांग दर्पण’ नामक पत्रिका का विमोचन कार्यक्रम यूथ हॉस्टल, आगरा में सम्पन्न हुआ. कार्यक्रम में मुख्य अतिथि डॉ. भगवती प्रसाद मिश्रा ‘अतीत’ (लोकतन्त्र सेनानी एवं वरिष्ठ साहित्यकार) रहे.

उज्ज्वल ने 92.7 big fm छोड़ा, अनिल पांडेय अमर उजाला डाट काम के न्यूज हेड बने, अंशुल की नई पारी

उज्ज्वल त्रिवेदी ने 92.7 big fm में Associate Creative Director के पद से इस्तीफ़ा दे दिया है. वे जल्द ही अगली पारी की घोषणा करेंगे. उज्जवल यहां दो साल से नेशनल प्रोग्राम देख रहे थे जिनमें ‘सुहाना सफ़र विद अन्नू कपूर’, ‘यादों का इडियेट बॉक्स’, ‘लम्हे विद मन्त्रा’ और ‘अर्थ’ जैसे शो शामिल हैं.

निशा, अपूर्वा, शिवेंदू, दीपक, शिल्पा और प्रतिभा ने हिंदुस्तान के डिजिटल वेंचर का दामन थामा

हिंदुस्तान अखबार के डिजिटल विंग लाइव हिन्दुस्तान के साथ 6 पत्रकार जुड़ गए हैं. ये हैं- निशा राय, अपूर्वा पांडे, शिवेंदू शेखर, दीपक मिश्रा, शिल्पा और प्रतिभा मिश्रा. निशा, अपूर्वा, शिल्पा और प्रतिभा ने बतौर सब एडिटर ज्वाइन किया है. शिवेंदू और दीपक सीनियर सब एडिटर बने हैं. शिवेंदू इससे पहले अमर उजाला में सब …

पुलक बाजपेयी, विनीता वशिष्ठ, संजय, चंदन और साबिर की नई पारी

पुलक बाजपेयी ने सीएनबीसी आवाज चैनल, मुंबई से इस्तीफा देकर जी बिजनेस चैनल, दिल्ली के साथ नई पारी की शुरुआत की है. जी बिजनेस में पुलक सीनियर प्रड्यूसर बनाए गए हैं. पुलक आईनेक्स्ट अखबार, कानपुर में रह चुके हैं. फिर वे बिजनेस भास्कर से जुड़े. इसके बाद इकनॉमिक टाइम्स हिंदी के हिस्से बने. बाद में वे जागरण के डिजिटल वेंचर में चीफ सब एडिटर बनकर लौटे. यहां डिप्टी न्यूज एडिटर बनने के बाद बिजनेस भास्कर फिर छलांग लगा गए और मनीभास्कर न्यूज पोर्टल के साथ कार्यरत रहे. 

डीडी न्यूज में नित्यानंद, जय कुमार, इशांत, शिवानी, अनामिका, शिवाली और विकास का चयन

डीडी न्यूज में पिछले दिनों कंटेंट एक्जीक्यूटिव पद के लिए चयन प्रक्रिया शुरू की गई थी. इसका परिणाम आ गया है. कुल सात मीडियाकर्मियों का चयन हुआ है. इन्हें पद दिया गया है कंटेंट एक्जीक्यूटिव का. इनकी नियुक्ति कांट्रैक्ट पर है. जिन  सात का चयन हुआ है, उनके नाम इस प्रकार हैं- नित्यानंद राय, जय …

सहारा में प्रबुद्ध राज को राजस्थान और एनसीआर की भी जिम्मेदारी, विमलेंदु राजस्थान चैनल के इनपुट हेड बने

सहारा मीडिया से खबर है कि सहारा समय चैनल में प्रबुद्ध राज की कद बढ़ा दिया गया है. वे अब सहारा समय बिहार-झारखंड रीजनल न्यूज चैनल के अलावा राजस्थान और एनसीआर चैनल के भी हेड बना दिए गए हैं. वहीं सहारा के पत्रकार विमलेन्दु को राजस्थान चैनल का इनपुट हेड बनाया गया है. विमलेन्दु इससे …

लोकस्वामी मैग्जीन के संपादक रजनीकांत वर्मा का निधन

लोकस्वामी समूह के ग्रुप एडिटर रजनीकांत वर्मा नहीं रहे. हार्ट अटैक के कारण उनका निधन हो गया. वे पचपन साल के थे. वे पिछले कुछ समय से बीमार भी चल रहे थे जिसके कारण उनका इलाज चल रहा था. उत्तराखंड के हल्द्वानी (नैनीताल) के रहने वाले रजनीकांत ने करियर का काफी लंबा अरसा इंदौर में व्यतीत किया.

लो जी, योगी सरकार ने वरिष्ठ राज्यकर्मियों की पीठ में छुरा घोंप दिया

श्रमिक नेता दिनकर कपूर और वर्कर्स फ्रंट ने अनिवार्य सेवानिवृत्ति के आदेश को योयी सरकार का तुगलकी फरमान बताया…

लखनऊ : योगी सरकार के मुख्य सचिव द्वारा उत्तर प्रदेश में अनिवार्य सेवानिवृत्ति का फैसला तुगलकी फरमान है जिसे वापस लिया जाना चाहिए। यह मांग प्रेस को जारी अपने बयान में यूपी वर्कर्स फ्रंट के प्रदेश अध्यक्ष दिनकर कपूर ने की। उन्होंने कहा कि सरकार ने सेवाओं में गति व दक्षता सुनिश्चित करने के नाम पर सरकारी कर्मचारियों की अनिवार्य सेवानिवृत्ति करने का जो फैसला लिया है वह एक तरह से वरिष्ठ राज्यकर्मियों की पीठ में छुरा घोंपना है।

भास्कर समूह की कंपनी डीबी कार्प के खिलाफ कट गई आरसी, मजीठिया क्रांतिकारियों का बकाया देने के लिए संपत्ति होगी नीलाम

मजीठिया मामले में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद महाराष्ट्र में कटी पहली आरसी… दैनिक भास्कर और दिव्य भास्कर समेत कई अखबारों को संचालित करने वाली भास्कर समूह की कंपनी डीबी कॉर्प लिमिटेड के माहिम और बीकेसी कार्यालय को नीलाम कर कर्मचारियों को बकाया पैसा देने का आदेश…

उफ्फ… न्यूज़ नेशन से भी पिटा इंडिया टीवी, छठें नम्बर पर गिरा, अम्बानी का चैनल चार नम्बर पर चमका

लगता है रजत शर्मा और अजित अंजुम के समझ में कुछ आना फाइनली बन्द हो गया और इसके नतीजे में इंडिया टीवी का बंटाधार हो रहा है। कभी दो नंबर पर लगातार अड़े रहकर नंबर एक आजतक को चुनौती देने वाला चैनल इंडिया टीवी आज इतना बुरे हाल में है कि न्यूज़ नेशन जैसे चैनल से पिट गया है। अम्बानी का चैनल लगातार चमकते हुए नंबर चार तक पहुंच गया है।

मायावती से तीखा सवाल पूछने वाली उस लड़की का पत्रकारीय करियर शुरू होने से पहले ही ख़त्म हो गया!

Zaigham Murtaza : अप्रैल 2002 की बात है। उत्तर प्रदेश में राष्ट्रपति शासन लगा था। मायावती की सत्ता में वापसी की आहट के बीच माल एवेन्यु में एक प्रेस वार्ता हुई। जोश से लबरेज़ मैदान में नई-नई पत्रकार बनी एक लड़की ने टिकट के बदले पैसे पर सवाल दाग़ दिया। ठीक से याद नहीं लेकिन वो शायद लार क़स्बे की थी और ख़ुद को किसी विजय ज्वाला साप्ताहिक का प्रतिनिधि बता रही थी। सवाल से रंग में भंग पड़ गया। वहां मौजूद क़रीब ढाई सौ कथित पत्रकार सन्न।

हिंदू और यहूदी सभ्यताओं ने अपने काम से काम रखने की बहुत कीमत चुकाई है!

Rajeev Mishra : प्रधानमंत्री की इजराइल यात्रा एक सरकारी दौरा नहीं है…एक राष्ट्र प्रमुख की दूसरे राष्ट्राध्यक्ष से मुलाक़ात भर नहीं है…यह दो प्राचीन सभ्यताओं का मिलन है… दो सभ्यताएं जिनमें बहुत कुछ कॉमन है…एक समय, इस्लाम की आपदा से पहले दोनों की सीमाएं मिलती थीं, पर दोनों में किसी तरह के टकराव की कहानी हमने नहीं सुनी. दोनों में से किसी को भी किसी और को अपने धर्म में शामिल करने की, अपने धर्म प्रचार की, मार्केटिंग की खुजली नहीं थी…

पुण्य प्रसून बाजपेयी का सवाल- कोई भारतीय प्रधानमंत्री इससे पहले इजराइल जाने की हिम्मत क्यों नहीं दिखा पाया?

नजदीक होकर भी दूर क्यों रहा इजरायल… दो बरस पहले राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी इजरायल के एयरपोर्ट पर उतरे जरुर लेकिन पहले फिलीस्तीन गए फिर इजरायल दौरे पर गये। पिछले बरस जनवरी में विदेश मंत्री सुषमा स्वराज फिर पहले फिलिस्तीन गईं उसके बाद इजरायल गईं। लेकिन पीएम मोदी तो तीन दिन इजरायल में ही गुजारेंगे। तो क्या प्रधानमंत्री इजराइल को लेकर संबंधों की नयी इबारत लिखने जा रहे हैं और भारत के उस एतिहासिक रुख को हमेशा के लिए खत्म कर रहे हैं, जिसकी छांव में गांधी से लेकर नेहरु तक की सोच अलग रही। महात्मा गांधी ने 26 नवंबर 1938 को हरिजन पत्रिका में कई यहूदियों को अपना दोस्त बताते हुए लिखा, “यहूदियों के लिए धर्म के आधार पर अलग देश की मांग मुझे ज्यादा अपील नहीं करती। फिलीस्तीन अरबों का है, जिस तरह इंग्लैंड ब्रिटिश का और फ्रांस फ्रेंच लोगों का है और अरबों पर यहूदियों को थोपना गलत और अमानवीय है”।

मुहआ चैनल के मालिक पीके तिवारी जमीन विवाद में गाजीपुर कोतवाली में बैठे दिखे (देखें तस्वीरें)

महुआ चैनल के मालिक पीके तिवारी को आज गाजीपुर कोतवाली जाना पड़ा. बताया जाता है कि उन्होंने अपनी एक जमीन और मकान गाजीपुर के व्यवसायी रिंकू अग्रवाल को बेचने का लिखित एग्रीमेंट कर रखा था जिससे अब वो मुकर रहे हैं. इसी को लेकर दोनों पक्षों ने एक दूसरे पर मुकदमा कराया और पीके तिवारी को कोतवाली जाना पड़ा. बताया जाता है कि पीके तिवारी अपने साथ एक भाजपा विधायक को भी लेकर विवादित जमीन पर कब्जा लेने गए थे लेकिन मामला बढ़ते देख भाजपा विधायक नौ दो ग्यारह हो गए.

आइसा छात्र नेता नितिन राज ने जेल से भेजा पत्र- ‘रिश्वत देकर रिहाई कतई कुबूल नहीं’

सरकारों का कोई भी दमन और उनके भ्रष्टतंत्र की कोई भी बेशर्मी और बेहयाई क्रांतिकारी नौजवानों के मंसूबों को तोड़ नहीं सकती……

साथियों,

आज शायद भारतीय छात्र आन्दोलन अपने इतिहास के सबसे दमनात्मक दौर से गुजर रहा है, जहाँ छात्रों को अपनी लोकतान्त्रिक माँगो को लेकर की गई छात्र आन्दोलन की सामान्य कार्यवाही के लिए भी राजसत्ता के इशारे पर महीनों के लिए जेल में डाल दिया जा रहा है. छात्र आन्दोलन से घबराई योगी सरकार, जो कि इसे किसी भी शर्त पर कुचल देना चाहती है, हमें इतने दिनों तक जेल में रख कर हमारे मनोबल को तोड़ने की कोशिश कर रही है. लेकिन हम क्रान्तिकारी परम्परा के वाहक हैं हमारे आदर्श भगतसिंह और चंदू हैं, सावरकर नहीं, जो जेल के भय से माफ़ीनामा लिखकर छूटे और अंग्रेजों की दलाली में लग गए. हमें अगर और दिनों तक जेल में रहना पड़ा तब भी हम कमजोर पड़ने वाले नहीं हैं.

योग दिवस पर दो वर्षों में 34.50 करोड़ खर्च

आयुष मंत्रालय, भारत सरकार ने आरटीआई एक्टिविस्ट डॉ नूतन ठाकुर को उपलब्ध करायी गयी सूचना में बताया है कि वर्ष 2015 तथा 2016 में उसके द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर कुल 34.50 करोड़ रुपये खर्च किये गाये थे. इनमे 16.40 करोड़ वर्ष 2015 तथा 18.10 करोड़ वर्ष 2016 में खर्च किये गए. जन सूचना अधिकारी बनमाली नायक द्वारा उपलब्ध करायी सूचना में कहा गया है कि अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2017 में मंत्रालय के खर्च की अंतिम गणना नहीं हुई है. जन सूचना अधिकारी ने यह स्पष्ट कर दिया है कि यह आयुष विभाग का खर्च है और योग दिवस पर हुआ पूरा खर्च उपलब्ध नहीं है. उन्होंने इन खर्चों से जुड़े पत्रावली के नोटशीट और अभिलेख सैकड़ों पृष्ठों में होने के आधार पर देने से मना कर दिया.

मजीठिया पर ताजा फैसले के बाद मीडियाकर्मियों और लेबर कोर्ट की सक्रियता देख मालिकों की नींद हराम

यूपी के एक एडिशनल लेबर कमिश्नर ने जो बात कही, वह सच होता दिख रहा है। उनका कहना था कि मजीठिया वेज बोर्ड को लेकर आये ताजा फैसले से मालिकानों की नींद हराम हो गई होगी। जाहिर सी बात है कि अब वे और उनके गुर्गे इस काम में लग गए हैं कि कैसे इन मजीठिया क्रांतिकारियों से पीछा छुड़ाया जाए। केस में आये पुराने वर्कर से तो वे परेशान हैं ही, अब नए लोगों यानि अंदर काम करने वाले वर्कर भी केस में आने की तैयारी कर चुके हैं। तय है कि जल्द ही नए केस लगने की प्रक्रिया शुरू हो जायेगी।

भगवा वस्त्रधारी को सीएम बनाने का प्रयोग यूपी में भी फ्लॉप होने की ओर!

भगवा वस्त्रधारी मुख्यमंत्री का प्रयोग पहले-पहल मध्यप्रदेश में हुआ था. भारतीय जनता पार्टी ने ही दिसंबर-2003 के चुनाव उमा भारती को बतौर मुख्यमंत्री प्रोजेक्ट किया और बनाया भी. तब उमा भारती को लगा कि मध्यप्रदेश में पार्टी उनकी वजह से जीती और यह एहसास और अहंकार उन्हें पार्टी से दूर कर गया. वे एक साल भी मुख्यमंत्री नहीं रह पाईं और अदालती फैसले की आड़ लेकर हटा दी गईं.

वरिष्ठ पत्रकार कमल जोशी ने की आत्महत्या

वरिष्ठ पत्रकार कमल जोशी ने पौड़ी जिले के कोटद्वार स्थित अपने पैतृक आवास में सोमवार को कथित तौर पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. सुबह करीब 9 से 10 बजे के बीच हुई इस घटना की जानकारी पुलिस को शाम 5 बजे के आसपास मिली. दरअसल उनके फोन का जवाब ना मिलने पर उनके एक परिचित ने उनके एक रिश्तेदार को इस बाबत बताया गया और वह उनकी खैरियत मालूम करने उनके घर पहुंचे.

संघर्ष के नए हथियार ‘सत्याग्रह’ का सफल प्रयोग चंपारण में हुआ : अरविंद मोहन

नई दिल्ली। चंपारण सत्याग्रह का यह शताब्दी वर्ष है। इसलिए नील किसानों की दुर्दशा और गांधी जी के सत्याग्रह को देश भर में याद किया जा रहा है। इस दौरान कई लेखक और पत्रकार चंपारण सत्याग्रह के इतिहास को फिर से खंगाल रहे हैं।  वरिष्ठ पत्रकार एवं लेखक अरविंद मोहन ने चंपारण में गांधी के कालखंड का क्रमबद्ध अध्ययन किया है। चंपारण सत्याग्रह पर उनकी अनेक पुस्तकें आ चुकी हैं। अध्ययन के दौरान प्राप्त अपने अनुभवों को उन्होंने गांधी शांति प्रतिष्ठान में आयोजित  ‘आचार्य कृपलानी स्मृति व्याख्यान’ में साझा किया। स्मृति व्याख्यान का आयोजन आचार्य कृपलानी मेमोरियल ट्रस्ट ने किया था।

हिस्ट्रीशीटर विधायकों के एजेंडे पर काम न करने पर बरेली की डीएम पिंकी को हटा दिया गया!

दिनेश जुयाल

Dinesh Juyal : दो हिस्ट्रीशीटर विधायकों के एजेंडे पर काम नहीं किया तो बरेली की डीएम पिंकी जोवेल को हटा दिया। इनमें एक विधायक ने मिठाई बांटी। हम तक भी पहुंची। इन्हें एक जाति विशेष के अफसर और धर्म विशेष के लोग पसंद नहीं ये भी ये बताते फिरते हैं। उधर सड़क पर अपना राज चलाने वाले भाजपा नेता की दबंगई के खिलाफ खड़ी होने पर सीओ श्रेष्ठा जी को नेपाल बॉर्डर भेज दिया।

पूर्व आईजी समेत कई लोग यूपी प्रेस क्लब से प्रेस कांफ्रेंस करते गिरफ्तार कर लिए गए!

Utkarsh Sinha : यूपी प्रेस क्लब में दलितों पर अत्याचार के खिलाफ प्रेस वार्ता कर रहे पूर्व आईजी दारापुरी सहित प्रो. रमेश दीक्षित, भाई राम कुमार और भाई आशीष अवस्थी सहित 9 लोगों को लखनऊ पुलिस ने महज इसलिए गिरफ्तार कर लिया है क्यूंकि उसे उम्मीद है कि ये लोग मुख्यमंत्री के खिलाफ प्रदर्शन कर सकते हैं…

पीटीआई वाले कब जात-पात से उपर उठेंगे?

एक तरफ जहां राष्ट्रपति पद की उम्मीदवार मीरा कुमार रायसीना हिल्स की दौड़ को ‘दलित बनाम दलित’ निरूपित किए जाने से असहमत हैं और ‘जाति को जमीन में गहरे गाड़ देने’ की बात कर रही हैं, वहीं दूसरी तरफ मीडिया अभी भी ‘दलित’ और ‘अल्पसंख्यक’ जैसे जातिसूचक शब्दों के खेल से बाहर नहीं निकल पा रहा है. मीडिया में बैठे तमाम तथाकथित सेकुलर बुद्धिजीवी ऊपरी तौर पर भले ही इनसे हमदर्दी जताते हों, लेकिन इनकी असलियत क्या है, इसका एक और मुजाहिरा हाल ही में आई उन खबरों से हुआ है, जिसमें बताया गया है कि कैसे ‘मीडिया के लोग’ एक दलित होने के नाते रामनाथ कोविंद की बाइट लेने या दिखाने से गुरेज करते थे, जब वे कुछ अरसा पहले भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता हुआ करते थे.

काशी पत्रकार संघ के मंत्री पद से रंजीत गुप्ता को हटाया गया

वाराणसी के पत्रकार रंजीत गुप्ता को काशी पत्रकार संघ ने मंत्री पद से हटा दिया है। इस बारे में काशी पत्रकार संघ के सूत्रों का कहना है रंजीत गुप्ता किसी अखबार में नहीं थे फिर भी वे मंत्री पद पर मौजूद थे, इसलिए उन्हें सदस्यों की सहमति से बाहर का रास्ता दिखाया गया है। वहीं रंजीत गुप्ता का कहना है संघ की तरफ से उन्हें कोई अधिकृत पत्र अब तक नहीं मिला है और इस तरह से बिना नोटिस दिए निकाला जाना गलत है। वे संघ के पत्र का इंतजार कर रहे हैं।

एनडीटीवी के मुस्लिम पत्रकार ने ‘जय श्री राम’ कहकर बचाई अपने साथ पूरे परिवार की जान!

28 जून 2017 के दिन बिहार सफ़र के दौरान समसतीपुर नेशनल हाईवे के मारगन चौक पर बजरंग दल के लोग ट्रक को रास्ते में रोककर रास्ता जाम कर रखा था. मैं कार लेकर खड़ा ही हुआ था कि केसरिया गमछा गले मे डाले कई लोग ‘जय श्री राम’ का नारा लगाते आ पहुंचे, मैंने पूछा क्यों रास्ता जाम है. पूछते ही कई लोगों ने मेरी कार के अंदर बैठी मेरे मां-पिता के साथ पत्नी पर नज़र डाली.  चूंकि मेरे पिताजी दाढ़ी रखे हुए हैं और पत्नी नक़ाब पहनती हैं तो इसको देखते हुए नारेबाज़ी तेज़ हो गई.

लोकसभा अध्यक्ष के बंगले में देर रात बजता रहा डीजे, अगल-बगल वाले परेशान

नियम, कायदे, कानून की डायन नेताओं के घर जाती ही नहीं

शनिवार की रात एक बंगले पर देर रात तक डीजे बजने की सूचना मिली। मैंने पूछा किसका बंगला है? तो पता चला BJP से सांसद और लोकसभा अध्यक्ष “सुमित्रा महाजन” का। यह सुनकर मैंने बोला भाई… कान में रुई ठूंस और सो जा! वरना जो गाना बज रहा है “आज रात का सीन बना ले” उसको एन्जॉय कर। क्योंकि मुझे यह पता है कि नियम, कायदे, कानून की जो डायन होती है वो एक घर छोड़कर चलती है। और वो घर नेताओं का होता है। और रही बात पुलिस में शिकायत करने की तो इंदौर के ठुल्ले ऐसी जगह सिर्फ सलामी देने पहुंचते हैं।

मलेशिया में सम्मानित किये गए कवि अरविन्द श्रीवास्तव

वैश्विक स्तर पर ब्लॉगरों को एकजुट कर साहित्यिक, सांस्कृतिक और सामाजिक गतिविधियों को प्राणवायु देने के उद्देश्य से आठवाँ अंतर्राष्ट्रीय ब्लॉगर्स सम्मेलन मलेशिया की राजधानी क्वालालम्पुर से 390 किलोमीटर दूर जोहोर बहरू शहर के सुरिया सिटी सभागार में आयोजित किया गया. इसमें मधेपुरा के ब्लॉगर व चर्चित कवि डॉ. अरविन्द श्रीवास्तव को वर्ष 2017 का प्रतिष्ठित ‘अविनाश वाचस्पति स्मृति परिकल्पना सम्मान’ से सम्मानित किया गया.

‘वन इंडिया’ में आठ महीने में ही हो गया इंक्रीमेंट

बड़े मीडिया समूहों की वेबसाइट के लिए चुनौती बन रहे हिंदी वन इंडिया न्यूज पोर्टल में काम करने वाले पत्रकारों को 30 जून को इंक्रीमेंट लेटर बांट दिए गए। इस मीडिया कंपनी ने महज आठ महीने की परफॉरमेंस के आधार पर अपने यहां काम करने वाले मीडियाकर्मियों को शानदार इंक्रीमेंट दिए हैं। बढ़ा हुआ वेतन जून महीने से लागू है। सहारा समय, दैनिक भास्कर, अमर उजाला में काम कर चुके वरिष्ठ पत्रकार अखिलेश श्रीवास्तव के नेतृत्व में अगस्त महीने में वन इंडिया की नई टीम ने काम संभाला था।

सन्मार्ग अखबार के संपादक आनंद बहादुर सिंह का बनारस में निधन

वाराणसी। राजा टोडरमल के वंशज और पत्रकारिता के युग पुरुष सन्मार्ग अखबार के संपादक अनंदबहादुर सिंह का इलाज के दौरान शनिवार को तड़के 4 बजे निधन हो गया। उनके निधन से पत्रकारिता क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। श्री सिंह की 87 वर्ष कीअवस्था थी। उनके निधन की जानकारी जैसे ही समाज के बुद्धिजीवी, पत्रकारों और उनके शुभचिंतकों को लगा जो जैसे था उनके भदैनी स्थित आवास की ओर दौड़ पड़ा। श्री सिंह का जन्म 29 अगस्त 1930 (लोलार्कछठ) के दिन हुआ था। वह शुरु से धार्मिक प्रवृत्ति और काशी के गंगो-जमुनी यकजहती के संवाहक थे। उनका श्री संकटमोचन मंदिर के महंत परिवार से ताल्लुकात होने की वजह से उनकी रूचि गोस्वामी तुलसीदास जी में रही। वह रामचरित मानस में जबरदस्त पकड़ रखते थे। इतना ही नही वह काशी के इतिहास के बारे में भी अच्छी जानकारी रखते थे।

आईपीएस अफसरों पर मुकदमों की सूचना गृह मंत्रालय में नहीं है!

गृह मंत्रालय के पास आईपीएस अफसरों पर आपराधिक मुकदमों की सूचना नहीं है. यह तथ्य आईपीएस अफसरों के मामलों को देखने वाली गृह मंत्रालय की पुलिस डिवीज़न-एक द्वारा आरटीआई एक्टिविस्ट डॉ नूतन ठाकुर को आईपीएस अफसरों पर दर्ज आपराधिक मुकदमों की सूचना मांगे जाने पर बताया गया है. जहाँ गृह मंत्रालय ने यह प्रार्थनापत्र नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो को अपने स्तर से उचित उत्तर देने हेतु भेजा है, वहीँ उसने यह भी स्वीकार किया है कि आईपीएस अफसरों पर दर्ज होने वाले आपराधिक मुकदमों की सूचना की पत्रावली उसके द्वारा नहीं रखी जाती है. नूतन ने अनुसार आईपीएस अफसरों के कैडर नियंत्रण संस्था होने के बाद भी गृह मंत्रालय के पास यह बुनियादी सूचना उपलब्ध नहीं होना उनकी लापरवाही को दर्शाता है.

”आप ठहरे भड़ासी पत्रकार, कोई आम आदमी होता तो फर्जी मुकदमे लादे जाते और जेल काट कर ही बाहर आता”

पिछले दिनों भड़ास के संपादक यशवंत सिंह के साथ यूपी के गाजीपुर जिले की पुलिस ने बेहद शर्मनाक व्यवहार किया. यशवंत अपने मित्र प्रिंस सिंह के साथ रेलवे स्टेशन पान खाने गए और कुछ लोगों की संदिग्ध हरकत को देखकर एसपी को सूचना दी तो एसपी के आदेश पर आए कोतवाल ने यशवंत व उनके मित्र को ही पकड़ कर कोतवाली में डाल दिया. इस पूरे मामले पर यशवंत ने विस्तार से फेसबुक पर लिखकर सबको अवगत कराया. यशवंत की एफबी पोस्ट पर आए सैकड़ों कमेंट्स में से कुछ चुनिंदा इस प्रकार हैं… मूल पोस्ट नीचे कमेंट्स खत्म होने के ठीक बाद है… 

Mamta Kalia इस घटना से पुलिस का जनता के प्रति रवैया पता चलता है। मैंने एक बार अपने घर मे हुई चोरी की रपट लिखवाई थी। पुलिस ने मुझे अलग अलग तारीखों में कोर्ट बुला कर इतना परेशान किया कि मैंने लिख कर दे दिया मुझे कोई शिकायत नहीं। केस बन्द किया जाय।

नोटबंदी, कैसलेश जैसी तमाम नादानियों के बाद भी नरेंद्र मोदी लोगों के दुलारे क्यों बने हुए हैं?

जिस दौर में राजनीति और राजनेताओं के प्रति अनास्था अपने चरम पर हो, उसमें नरेंद्र मोदी का उदय हमें आश्वस्त करता है। नोटबंदी, कैसलेश जैसी तमाम नादानियों के बाद भी नरेंद्र मोदी लोगों के दुलारे बने हुए हैं, तो यह मामला गंभीर हो जाता है। आखिर वे क्या कारण हैं जिसके चलते नरेंद्र मोदी अपनी सत्ता के तीन साल पूरे करने के बाद भी लोकप्रियता के चरम पर हैं। उनका जादू चुनाव दर चुनाव जारी है और वे हैं कि देश-विदेश को मथे जा रहे हैं। इस मंथन से कितना विष और कितना अमृत निकलेगा यह तो वक्त बताएगा, पर यह कहने में संकोच नहीं करना चाहिए वे उम्मीदों को जगाने वाले नेता साबित हुए हैं।

रेलवे स्टेशन पर पान खाने गए यशवंत पहुंचा दिए गए कोतवाली!

Yashwant Singh : रात मेरे साथ कहानी हो गयी। ग़ाज़ीपुर रेलवे स्टेशन पर पान खाने गया लेकिन पहुंचा दिया गया कोतवाली। हुआ ये कि स्टेशन पर मंदिर के इर्द गिर्द कुछ संदिग्ध / आपराधिक किस्म के लोगों की हरकत दिखी तो एसपी को फोन कर डिटेल दिया। उनने कोतवाल को कहा होगा। थोड़ी ही देर में मय लाव लश्कर आए कोतवाल ने मंदिर के पास वाले संदिग्ध लोगों की तरफ तो देखा नहीं, हम दोनों (मेरे मित्र प्रिंस भाई) को तत्काल ज़रूर संदिग्ध मानकर गाड़ी में जबरन बिठा कोतवाली ले गए। मुझे तो जैसे आनंद आ गया। लाइफ में कुछ रोमांच की वापसी हुई। कोतवाल को बताते रहे कि भाया हम लोगों ने तो संदिग्ध हरकत की सूचना दी और आप मैसेंजर को ही ‘शूट’ कर रहे हो।

एक करोड़ के पुराने नोट के साथ पत्रकार सहित 6 गिरफ्तार

देश की आर्थिक राजधानी मुंबई से सटे ठाणे में एक हजार व पांच सौ रूपये की एक करोड़ रूपये के पुराने नोट साथ पुलिस ने एक कथित पत्रकार समेत ६ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पांच सौ रूपये की ३० नोट व एक हजार रूपये के ९ हजार ९८५ की पुरानी नोट बरामद हुई है।  

ईटीवी हैदराबाद से भारती सकलानी का तबादला, पहुंची देहरादून

ईटीवी से तबादलों की लिस्ट में एक और नाम जुड़ गया है। हैदराबाद ऑफिस में सीनियर एंकर के पद पर तैनात भारती सकलानी को देहरादून भेज दिया गया है। भारती ने देहरादून में बतौर सीनियर रिपोर्टर ज्वाइन कर लिया है। उन्होंने अपने फेसबुक पेज पर इसकी जानकारी दी है।