मजीठिया मामले में उत्तर प्रदेश के राज्यपाल ने जरूरी कदम उठाने का दिया भरोसा

उत्तर प्रदेश के राज्यपाल राम नाइक ने उत्तर प्रदेश के पत्रकारों को भरोसा दिलाया है कि जस्टिस मजीठिया वेज बोर्ड की सिफारिश को पूरी तरह लागू कराने के लिये वे जो भी आवश्यक कदम होगा, जरूर उठायेंगे। इसके लिये राज्यपाल ने कहा है कि पत्रकार अपने एजेंडे के साथ उनसे मिलने आयें और इस वेज …

जागरण ग्रुप के नई दुनिया अखबार से होगी दो लाख तीस हजार रुपये की वसूली, देखें आदेश की कॉपी

जानेमाने रंगकर्मी एवं साहित्यकार नीलाभ अश्क चुपचाप अपने घर से लापता हो गए हैं। अपने साथ वह घर के ढेर सारे जरूरी सामान लैपटॉप, कंप्यूटर, फोन सेट आदि भी उठा ले गए हैं। उनके जानने वालों का कहना है कि वह अपनी भूमिका द्विवेदी से डर कर कहीं जा छिपे हैं। उन्हें अपनी जान जाने का अंदेशा रहा है। उनकी पत्नी का शुरू से ही उनकी धन-संपत्ति पर निगाह रही है। बाकी सब सरोकार तो एक दिखावा भर रहा है। गुमशुदगी के संबंध में पुलिस को भी अवगत करा दिया गया है। पुलिस मामले की छानबीन के साथ ही नीलाभ अश्क को ढूंढने में भी जुट गई है। 

दैनिक भास्कर के जालंधर आफिस की कुर्की का आदेश

मजीठिया वेजबोर्ड का बकाया ना देने के कारण होगी कार्रवाई… ए.एल.सी. द्वारा पास किया 23.52 लाख का क्लेम ब्याज सहित अदा ना किया तो होगी भास्कर कार्यालय की नीलामी… पंजाब के फिरोजपुर से एक बड़ी खबर आ रही है। यहां सहायक लेबर कमिश्रर फिरोजपुर की कोर्ट द्वारा भास्कर कर्मी राजेन्द्र मल्होत्रा को 23 लाख 52 …

डीएलसी बरेली के खिलाफ हाईकोर्ट ने वारंट जारी कर दिया

मजीठिया मामले में डीएलसी के खिलाफ वारंट के आदेश से श्रम विभाग में मचा हड़कंप…. उत्तर प्रदेश के बरेली से बड़ी खबर आ रही है। तीन क्लेमकर्ताओं की सेवा समाप्ति के आदेश को रद्द कर एक सप्ताह में समस्त बकाया अदा करने का आदेश देने वाले बरेली के उपश्रमायुक्त रोशन लाल गुरुवार को याचिका पर …

बिहार के एक पत्रकार को दैनिक जागरण देगा साठ लाख बयालीस हजार रुपये, आरसी जारी

बिहार के गया जिले के पत्रकार पंकज कुमारका सपना सच हो गया. वे सुप्रीम कोर्ट से लेकर बिहार हाईकोर्ट और गया जिले की अदालतों के चक्कर काटने के बाद अंतत: दैनिक जागरण को मात देने में कामयाब हो गए. इस सफलता में उनके साथ कदम से कदम मिला कर खड़े रहे जाने माने वकील मदन …

कोर्ट में मीडियाकर्मियों द्वारा डाले गए केस को घुमाने-लटकाने में उस्ताद है दैनिक जागरण प्रबंधन

Padampati Sharma : दो सितारों का जमीं पर हुआ मिलन बीती रात… टेलीविजन एंकरिंग की दो जबरदस्त युवा प्रतिभाएं 13 अप्रैल की शाम एक दूजे की हो गयीं. जी हां, मैं बात कर रहा हूं देश के सर्वश्रेष्ठ खेल पत्रकारों में एक और जाने माने युवा एंकर रवीश बिष्ट और परी जैसी एंकर खुशबू शर्मा का बरसों का रोमांस करनाल रोड स्थित वेलेंटाइन माटल में बीती शाम अंजाम यानी लग्न मंडप तक जा पहुंचा.

दैनिक जागरण हिसार के 49 मीडियाकर्मियों की लड़ाई जीत की ओर, देखें नोटिस की कापी

Brijesh Pandey : मजीठिया केस रिकवरी का मामला… दैनिक जागरण हिसार के 49 साथियों ने मजीठिया के तहत एक्ट की धारा 17 (1) के अंतर्गत रिकवरी फाइल किया था..  अब तक की कार्यवाही में सरकार ने यह पाया कि दैनिक जागरण की देनदारी बनती है,…

भास्कर ग्रुप को धूल चटाने वाली इस लड़की का इंटरव्यू देखें-सुनें

मजीठिया वेज बोर्ड की लड़ाई लड़ने में बहुत बड़े बड़े पत्रकारों की पैंट गीली हो जाती है लेकिन भास्कर समूह में रिसेप्शनिस्ट पद पर कार्यरत रही एक लड़की ने न सिर्फ भास्कर ग्रुप से कानूनी लड़ाई लड़ी बल्कि अपना हक हासिल करने की अग्रसर है.

कोर्ट ने मजीठिया वेज बोर्ड को लेकर हिन्दुस्तान टाईम्स से वसूली किए जाने पर लगी रोक हटायी

टर्मिनेट कर्मचारी पुरुषोत्तम सिंह के मामले में शोभना भरतिया को लगा तगड़ा झटका, एडवोकेट उमेश शर्मा ने लगातार दो दिन की थी जोरदार बहस….  जस्टिस मजीठिया वेज बोर्ड मामले में हिन्दुस्तान टाईम्स की मालकिन शोभना भरतिया को एक बार फिर मंगलवार १९ /२/२०१८ को दिल्ली उच्च न्यायलय में मुंह की खानी पड़ी। दिल्ली उच्च न्यायालय ने मजीठिया वेज बोर्ड मामले से जुड़े वसूली मामले में लगायी गयी रोक को हटा लिया। इससे हिन्दुस्तान प्रबंधन से मजीठिया वेज बोर्ड मामले में लगाये गये १७ (१) के मामले में वसूली का रास्ता साफ हो गया है।

फिरोजपुर से भास्कर कर्मी राजेन्द्र मल्होत्रा के पक्ष में जारी हुयी साढ़े बाईस लाख की आरसी

पंजाब के फिरोजपुर से एक बड़ी खबर आ रही है। यहां दैनिक भास्कर में कार्यरत ब्यूरो चीफ राजेन्द्र मल्होत्रा के आवेदन को सही मानते हुये फिरोजपुर के सहायक कामगार आयुक्त सुनील कुमार भोरीवाल ने दैनिक भास्कर प्रबंधन के खिलाफ २२ लाख ५२ हजार ९४५ रुपये की वसूली के लिये रिकवरी सार्टिफिकेट जारी की है। राजेन्द्र मल्होत्रा ने जस्टिस मजीठिया वेज बोर्ड मामले में अपने बकाये की रकम के लिये सुप्रीम कोर्ट के वकील उमेश शर्मा की देख-रेख में फिरोजपुर के सहायक कामगार आयुक्त के समक्ष १७ (१) का क्लेम लगाया था।

मजीठिया वेज बोर्ड मामले में दैनिक भास्कर के खिलाफ एक और आरसी जारी

मुंबई से खबर आ रही है कि यहां दैनिक भास्कर की प्रबंधन कंपनी डी. बी. कॉर्प लिमिटेड में कार्यरत सिस्टम इंजीनियर अस्बर्ट गोंजाल्विस के पक्ष में जस्टिस मजीठिया वेज बोर्ड मामले में 26 लाख 38 हजार 203 रुपए 98 पैसे का रिकवरी सर्टीफिकेट (आरसी) जारी किया गया है। इस आरसी को मुंबई (उपनगर) के कलेक्टर को भेज कर आदेश दिया गया है कि वह आवेदक के पक्ष में कंपनी से भू-राजस्व की भांति वसूली करें और आवेदक अस्बर्ट गोंजाल्विस को यह धनराशि प्रदान कराएं। आपको बता दें कि इस मामले में अस्बर्ट गोंजाल्विस ने अपने एडवोकेट एस. पी. पांडे के जरिए मुंबई उच्च न्यायालय में कैविएट भी लगवा दी है।

महाराष्ट्र के चार मीडिया कर्मियों का बकाया न देने पर भास्कर समूह के खिलाफ आरसी जारी

अपने कर्मियों का हक मारने के कारण दैनिक भास्कर को झटके पर झटका लग रहा है. भास्कर अखबार की प्रबंधन कंपनी डीबी कॉर्प द्वारा संचालित मराठी अखबार दैनिक दिव्य मराठी के अकोला एडिशन से खबर आ रही है कि यहां के ४ मीडिया कर्मियों के आवेदन पर भास्कर के खिलाफ आरसी जारी हुई है. इन मीडियाकर्मियों के पक्ष में सहायक कामगार आयुक्त अकोला श्री विजयकांत पानबुड़े ने रिकवरी सार्टिफिकेट आदेश जिलाधिकारी अकोला को दिया है।

संयुक्त आयुक्त श्रम ने जागरण के मालिक मोहन गुप्त को नोटिस भेजा, शेल कम्पनी ‘कंचन प्रकाशन’ का मुद्दा भी उठा

दैनिक जागरण के एचआर एजीएम विनोद शुक्ला की हुई फजीहत…  पटना : दैनिक जागरण के मालिक महेंद्र मोहन गुप्त को श्रम विभाग के संयुक्त आयुक्त डा. वीरेंद्र कुमार ने नोटिस जारी कर जागरण कर्मियों द्वारा दायर किए गए जस्टिस मजीठिया वेज बोर्ड की अनुशंसा को लेकर वाद में पक्ष रखने के लिए तलब किया है। मामले की अगली सुनवाई 22 दिसंबर को होनी है। वहीं दैनिक जागरण पटना के एजीएम एचआर विनोद शुक्ला के जागरण प्रबंधन के पक्ष में उपस्थिति पर प्रश्न चिन्ह लगाते हुए अधिवक्ता मदन तिवारी ने संबंधित बोर्ड के प्रस्ताव की अधिकृत कागजात की मांग कर एजीएम शुक्ला की बोलती बंद कर दी। दैनिक जागरण के हजारों कर्मियों को अपना कर्मचारी न मानने के दावे एजीएम शुक्ला के दावे की भी श्रम विभाग के वरिष्ठ अधिकारी डा.  वीरेंद्र कुमार के सामने हवा निकल गई।

महाराष्ट्र के लेबर कमिश्नर का निर्देश- ठेका कर्मचारियों को भी मजीठिया वेजबोर्ड का लाभ देना जरूरी

सभी अखबारों की होगी फिर से जांच…  महाराष्ट्र के लेबर कमिश्नर द्वारा बुलाई गई त्रिपक्षीय समिति की बैठक में लेबर कमिश्नर यशवंत केरुरे ने अखबार मालिकों के प्रतिनिधियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि आपको माननीय सुप्रिमकोर्ट के आदेश का पालन करना ही पड़ेगा। श्री केरुरे ने कहा कि वेज बोर्ड का लाभ ठेका कर्मचारियों को भी देना अनिवार्य है। मुम्बई के बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स के लेबर कमिश्नर कार्यालय में बुलाई गई इस बैठक में  राज्यभर के विभागीय अधिकारियों को भी आमंत्रित किया गया था।

मजीठिया मामला : दैनिक भास्कर मुंबई के सुनील कुकरेती ने भी लगा दिया क्लेम

डी बी कॉर्प लिमिटेड द्वारा संचालित दैनिक भास्कर समाचार-पत्र के प्रिंसिपल करेस्पॉन्डेंट धर्मेन्द्र प्रताप सिंह द्वारा मजीठिया वेज बोर्ड मामले में कंपनी को धूल चटाए जाने के बाद ‘भास्कर’ के मुंबई ब्यूरो में बागियों की संख्या निरंतर बढ़ती जा रही है। अपने बकाए की वसूली के लिए श्रम विभाग पहुंचने वालों में अब नया नाम जुड़ा है सुनील कुकरेती का। सुनील इस संस्थान में बतौर सीनियर रिपोर्टर कार्यरत हैं।

मजीठिया वेज बोर्ड मामला : सुप्रीम कोर्ट ने अखबार मालिकों को राहत देने से किया इनकार, देखें ऑर्डर की कापी

जस्टिस मजीठिया वेज बोर्ड मामले में माननीय सुप्रीम कोर्ट अखबार मालिकों के खिलाफ सख्त होता जा रहा है। जी हां, सुप्रीम कोर्ट ने अखबार मालिकों के लिए दो सख्त आदेश दिए हैं… पहला तो यह कि उन्हें अपने कर्मचारियों को जस्टिस मजीठिया वेज बोर्ड का लाभ देना ही पड़ेगा, भले ही उनका अखबार घाटे में हो। दूसरा, अखबार मालिकों को उन कर्मचारियों को भी मजीठिया वेज बोर्ड के मुताबिक लाभ देना पड़ेगा, जो ठेके पर हैं। सुप्रीम कोर्ट के रुख से यह भी स्पष्ट हो चुका है कि जिन मीडियाकर्मियों को मजीठिया वेज बोर्ड का लाभ चाहिए, उन्हें क्लेम लगाना ही होगा।

हिन्दुस्तान प्रबन्धन को डीएलसी की कड़ी चेतावनी, कहा- हठधर्मी का रास्ता छोड़ें

बरेली से खबर आ रही है कि मजिठिया को लेकर उत्पीड़न के मामले की सुनवाई के दौरान उपश्रमायुक्त बरेली ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि हिन्दुस्तान का प्रबन्धन हठधर्मी का रास्ता छोड़े। यदि कोई ये समझता है कि वह सर्वोपरि है तो ऐसे लोग जान लें, सुप्रीम कोर्ट से बढ़कर कोई नहीं है। ना मैं और ना अखबार मालिक। लिहाजा आपसी समझौते से शिकायतकर्ता कर्मचारियों से मसला निपटा लें, नहीं तो अगली तिथि पर मजबूरन उनको विधि सम्मत कड़ा निर्णय लेना पड़ेगा।

मजीठिया मांगने पर भाजपा विधायक ने रिपोर्टर को अखबार के दफ्तर में घुसने से रोका, मामला पहुंचा पुलिस स्टेशन

मुंबई : खुद को उत्तर भारतीयों का रहनुमा समझने वाले भाजपा विधायक और हमारा महानगर अखबार के मालिक आरएन सिंह के अखबार में उत्तर भारतीय कर्मचारियों का सबसे ज्यादा शोषण किया जा रहा है। इस अखबार के सीनियर रिपोर्टर (क्राइम) केके मिश्रा को विधायक के पालतू गार्ड हमारा महानगर के दफ्तर में पिछले कुछ दिनों से नहीं घुसने दे रहे हैं।

मजीठिया पर सुप्रीम कोर्ट के आदेश का होगा अनुपालन, केन्द्रीय मंत्री ने पत्रकारों को दिया आश्वासन

केन्द्रीय स्वास्थ्य राज्यमंत्री अश्विनी कुमार चौबे और बिहार भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने मंगलवार को मीडियाकर्मियों को आश्वासन दिया कि जस्टिस मजीठिया वेज बोर्ड की अनुशंसा और सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के आलोक में वे पत्रकारों की भावना को सक्षम स्थान व नेतृत्व के समक्ष अवश्य रखेंगे। केन्द्रीय स्वास्थ्य राज्यमंत्री अश्विनी चौबे ने बिहार के गया जिले में पत्रकारों के समक्ष दावा करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी देश में किसी को भी दवा के अभाव में मरने नहीं देने को लक्षय रखा है।

सीनियर आईटी मैनेजर ने किया हिन्दुस्तान पर केस, मांगे 43.64 लाख

बरेली से बड़ी खबर आ रही है कि नोयडा बुलाकर जबरन इस्तीफा लिखा लेने से तिलमिलाए बरेली यूनिट के सीनियर आईटी मैनेजर हरिओम गुप्ता ने हिन्दुस्तान के प्रबन्धन को सबक सिखाने की ठान ली है। वे अपने हक के लिए कानूनी लड़ाई लड़ने को मैदान में उतर गए हैं। उन्होंने इस उत्पीड़न की वजह मजिठिया वेज बोर्ड के मुताबिक वेतन-भत्ते आदि की मांग करना बताया। उन्होंने हिन्दुस्तान प्रबन्धन पर 43 लाख 64 हजार 850 रुपये के मजिठिया के बकाया एरियर का दावा उपश्रमायुक्त बरेली के समक्ष ठोंक दिया है। उपश्रमायुक्त ने हिन्दुस्तान के प्रबंधन को नोटिस जारी कर तलब किया है।

मजीठिया वेज बोर्ड : SC के आदेश का असर, लेबर कोर्ट ने दी छोटी डेट

सुप्रीम कोर्ट के 13 और 27 अक्टूबर के आदेश का असर अब लेबर कोर्ट में चल रहे मजीठिया वेज बोर्ड के केसों में दिखना शुरू हो गया है। लेबर कोर्ट प्रबंधन की लंबी डेट की मांग को अनसुना कर अब छोटी डेट दे रहे हैं। इससे रिकवरी, ट्रांसफर, टर्मिनेशन आदि के केस लड़ने वाले कर्मचारियों के अंदर उत्साह का संचार दौड़ पड़ा है।

मजीठिया वेजबोर्ड मांगने पर हुए ट्रांस्फर / टर्मिनेशन के मामले भी छह माह में निपटाने होंगे : सुप्रीम कोर्ट

रविंद्र अग्रवाल की रिपोर्ट

अखबार कर्मियों को दिवाली के बाद छठ का तोहफा, पंकज कुमार की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनाया उत्साहजनक आदेश…

अखबार मालिकों के सताए अखबार कर्मियों को सुप्रीम कोर्ट से एक और बड़ी राहत भरी खबर मिली है। माननीय सुप्रीम कोर्ट की जस्टिस गोगोई और जस्टिस सिन्हा की बैंच ने आज मजीठिया वेजबोर्ड मांगने पर की गई टर्मिनेशन और ट्रांस्फर के मामलों को भी छह माह में निपटाने के आदेश जारी किए हैं। आज दैनिक जागरण गया के कर्मचारी पंकज की याचिका पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने अखबार मालिकों के खिलाफ लगाई गई अवमानना याचिाकाओं पर 19 जून को दिए गए आने निर्णय के पैरा नंबर 28 में बर्खास्तगी और तबादलों को लेकर दिए गए निर्देशों को भी वर्किंग जर्नलिस्ट एक्ट की धारा 17(2) के तहत रेफर किए गए रिकवरी के मामलों में 13 अक्तूबर को दिए गए टाइम बाउंड के आर्डर के साथ अटैच करते हुए इन मामलों की सुनवाई भी छह माह के भीतर ही पूरी करने के निर्देश जारी किए हैं।

छह माह में मजीठिया मामले निपटाने के सुप्रीम कोर्ट के आदेश की लिखित कापी देखें

जस्टिस मजीठिया वेज बोर्ड मामले में माननीय सुप्रीमकोर्ट ने आज २४ अक्टुबर २०१७ को एक आदेश जारी कर देश भर की लेबर कोर्ट और इंडस्ट्ीयल कोर्ट को निर्देश दिया है कि १७(२) के मामलों का निस्तारण प्रार्थमिकता के आधार पर ६ माह के अंदर करें। माननीय सुप्रीमकोर्ट ने आज जारी अपने आदेश में उन मामलों पर कोई समय सीमा निर्धारित नहीं की जो लेबर विभाग में चल रहे हैं।  माननीय सुप्रीमकोर्ट के आज जारी आदेश का उन मीडियाकर्मियों ने स्वागत किया है जिनका मामला लेबरकोर्ट या इंडस्ट्रीयल कोर्ट में १७(२) के तहत चल रहा था। लेकिन उन लोगो को थोड़ी परेशानी होगी जिनका १७(१) का मामला लेबर विभाग में चल रहा है।

दैनिक जागरण को लगा झटका, रामजी के तबादले पर श्रम विभाग ने लगाई रोक

कानपुर। “स्वघोषित चैम्पियन” दैनिक जागरण के मालिकान को ताजा झटका कानपुर श्रम विभाग से मिला है। सहायक श्रम आयुक्त आरपी तिवारी ने मजीठिया वेज बोर्ड की सिफारिशों के अनुरूप वेतन एवं बकाये की मांग करने वाले दैनिक जागरण कानपुर में कार्यरत कर्मचारी रामजी मिश्रा के सिलीगुड़ी स्थानांतरण पर फिलहाल रोक लगा दी है। श्री तिवारी द्वारा जारी आदेश में दैनिक जागरण प्रबंधन की ओर से रामजी मिश्रा का कानपुर कार्यालय से सिलिगुड़ी किए गए तबादले को अनुचित एवं अवैधानिक करार दिया गया है।

नवभारत अखबार के 47 कर्मचारियों ने लगा दिया मजीठिया वेज बोर्ड का क्लेम

महाराष्ट्र के प्रमुख हिंदी दैनिक नवभारत में माननीय सुप्रीमकोर्ट के 13 अक्टूबर यानि आज के आदेश का असर दिखने लगा है। यहां आज दिनांक 13 अक्टूबर को बांबे यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट संलग्न महाराष्ट्र मीडिया एंप्लाइज यूनियन से जुड़े नवभारत हिंदी दैनिक के 47 कर्मचारियों ने सामूहिक रुप से ठाणे लेबर कमिश्नर कार्यालय में मजीठिया वेज बोर्ड के अनुसार बकाये का क्लेम फाइल किया।

सुप्रीम कोर्ट का बड़ा आदेश- ‘मजीठिया वेज बोर्ड के सभी प्रकरण 6 महीने के भीतर निपटाएं’

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को मजीठिया वेज बोर्ड मामले में अहम फैसला सुनाते हुए देश के सभी राज्यों के श्रम विभाग एवं श्रम अदालतों को निर्देश दिया कि वे अखबार कर्मचारियों के मजीठिया संबंधी बकाये सहित सभी मामलों को छह महीने के अंदर निपटाएं। सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर्ति रंजन गोगोई एवं नवीन सिन्हा की पीठ ने ये निर्देश अभिषेक राजा बनाम संजय गुप्ता / दैनिक जागरण (केस नंबर 187/2017) मामले की सुनवाई करते हुए दिए।

मजीठिया : जितेंद्र जाट की जीत से पत्रिका प्रबन्धन में भारी बौखलाहट

पत्रिका ग्वालियर के जितेंद्र जाट की शानदार जीत पत्रिका प्रबन्धन को हजम नहीं हो रही, इसीलिए जाट को जिस जगह बैठाया गया है उस जगह पर ख़ास तौर से CCTV कैमरा लगा दिया गया है ताकि यह देखा जा सके कि जाट से कौन-कौन कर्मचारी बात कर रहा है ताकि बाद में जाट से बात करने वाले कर्मचारी को सजा दी जा सके। साथ ही जाट के CCTV रेंज से बाहर जाते ही फोन कर पूछा जाता है कि जाट इस समय कहाँ पर हैं? कहीं कर्मचारियों से बात कर उनको मजीठिया क्लेम के लिए तैयार तो नहीं कर रहा?

एचटी मैनेजमेंट ने फिर कोई जवाब देने से इन्कार किया

हाईकोर्ट में रिट फाइल करने की आड़ में अगली तारीख ले ली…सीनियर वकील संजय कुमार सिंह मैनेजमेंट की ओर से पहुंचे डीएलसी कोर्ट… मामला मजीठिया वेज बोर्ड के कार्यान्वयन और ग्रेच्यूटी भुगतान में हुए फ्रॉड का है… पटना से खबर है कि मजीठिया मामले एवं उससे जुड़े ग्रेच्यूटी के सवाल पर डीएलसी पटना के यहां सुनवाई हुई और फिर हाईकोर्ट की आड़ लेकर मैनेजमेंट ने अगली तारीख ले ली।

हिंदुस्तान का पक्ष रखने डीएलसी के पास गए एचआर मैनेजर की हुई जमकर फजीहत

बरेली में बुधवार को उपश्रमायुक्त के समक्ष कर्मचारियों के उत्पीड़न के मामले में हिन्दुस्तान प्रबन्धन की ओर से पेश हुए एचआर प्रभारी सत्येंद्र अवस्थी को भारी फजीहत का सामना करना पड़ा। उनको प्रबन्धन का पक्ष रखे बगैर बैरंग लौटना पड़ा। डीएलसी ने ताकीद किया कि उनको (सतेंद्र अवस्थी) तब तक नहीं सुना जाएगा जब तक वह प्रतिवादियों की ओर से उनका पक्ष रखने का अधिकार पत्र लेकर नहीं आएंगे।

‘हिंदुस्तान’ अखबार से छह करोड़ रुपये वसूलने के लिए आरसी जारी

मजीठिया प्रकरण में ‘हिंदुस्तान’ की सबसे बड़ी हार… लखनऊ से बड़ी ख़बर है। मजीठिया वेतनमान प्रकरण में दैनिक समाचार पत्र हिंदुस्तान की अब तक की सबसे बड़ी हार हुई है। कम्पनी का झूठ भी सामने आ गया है। यह भी सामने आया है कि मजीठिया वेज बोर्ड देने से बचने के लिए कम्पनी ने तरह तरह के षड्यंत्र किए। लखनऊ के श्रम विभाग ने हिंदुस्तान के 16 पत्रकारों व कर्मचारियों को करीब 6 करोड़ रुपए का भुगतान करने का आदेश दिया है। लखनऊ के एडिशनल कमिशनर बी.जे. सिंह व सक्षम अधिकारी डॉ. एम॰के॰ पाण्डेय ने 6 मार्च को हिंदुस्तान के खिलाफ आरसी जारी कर दी और पैसा वसूलने के लिए जिलाधिकारी को अधिकृत कर दिया है। श्रम अधिकारी ने जिलाधिकारी को भेजी रिकवरी-आरसी की धनराशि हिंदुस्तान से वसूल कर श्रम विभाग को देने को कहा है।